रिकार्ड स्तर पर गर्मी, 45 के करीब पहुंचा पारा
दिन भर शरीर को जलाती रही धूप, कूलर-पंखे से भी नहीं मिल रही राहत
अमर उजाला ब्यूरो
प्रतापगढ़। गर्मी ने विकराल रूप धारण कर लिया है। सोमवार को भीषण गर्मी के चलते एसी, कूलर फेल नजर आए। सुबह साढ़े आठ बजे के बाद ही धूप शरीर को जलाने लगी। दोपहर में शहर और गांव की सड़कों पर सन्नाटा पसर गया। दोपहर में चलने वाली गर्म हवाएं लोगों के शरीर को बेधती रहीं। दोपहर में शहर की सड़कों पर सन्नाटा पसर गया। रविवार को 43.6 पर रहने वाला पारा सोमवार को बढ़कर 44.7 पर पहुंच गया।
चिलचिलाती धूप और लू ने लोगों का बेहाल कर दिया है। आलम यह है कि सुबह साढ़े आठ बजे के बाद घरों से बाहर निकलना मुश्किल हो गया है। लोग गमछे और छतरी के सहारे धूप से बचने का प्रयास करते रहे। गर्मी इतनी अधिक थी कि एसी और कूलर फेल नजर आए। एसी और कूलर के सामने बैठने वाले भी पसीना पोछते रहे। धूप से बचने के लिए लोग अपने घरों और दुकानों में कैद थे। लोग धूप का असर कम होने का इंतजार करते रहे। अपराह्न करीब तीन बजे धूल भरी हवाएं चलने से सड़कों पर सन्नाटा पसर गया। रविवार को 43.6 डिग्री सेल्सियस रहने वाला पारा सोमवार को बढ़ कर 44.7 पर पहुंच गया।
डीएलएड की परीक्षा में मोबाइल से नकल करते धराए तीन नकलची रस्टीकेट
अंतिम दिन की परीक्षा में अनुपस्थित रहे 25 परीक्षार्थी
अमर उजाला ब्यूरो
प्रतापगढ़। डीएलएड तृतीय सेमेस्टर की परीक्षा के अंतिम दिन मोबाइल में इंटरनेट से उत्तर खोजकर कापी में लिख रहे तीन अभ्यर्थियों को कक्ष निरीक्षकों ने दबोच लिया। तीनों परीक्षार्थियों को रस्टीकेट कर दिया। अंतिम दिन की परीक्षा में 25 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे।
जिले में सात जून से प्रारंभ हुई डीएलएड की परीक्षा सोमवार को समाप्त हो गई। सिटी स्थित पीबी इंटर कॉलेज में परीक्षा दे रहे तीन परीक्षार्थी मोबाइल पर इंटरनेट से उत्तर खोजकर अपनी कॉपियों में लिख रहे थे। कक्ष संख्या छह में बैठे कक्ष निरीक्षक की नजर एक परीक्षार्थी पर टिक गई। वह कॉपियों के बीच में मोबाइल छिपाकर उत्तर लिख रहा था। शिक्षक ने मोबाइल लेने के साथ ही कॉपी भी छीन ली। यह देखकर अन्य कक्ष निरीक्षकों ने सघन तलाशी ली तो कमरा नंबर सात और कमरा नंबर आठ में एक-एक परीक्षार्थी और नकल करते मिल गए। नकलची परीक्षार्थी शिक्षकों के आगे गिड़गिडाते रहे, मगर किसी ने एक नहीं सुनी और तीनों परीक्षार्थियों को रस्टीकेट कर दिया। केंद्र व्यवस्थापक सुरेंद्र राव ने बताया कि अधिकारियों से बात करने के बाद मोबाइल लौटा दिया गया।