अफसरों की लापरवाही की सजा भुगत रहे 18,041 परिवार
लक्ष्य के बावजूद 54,419 यूनिट का नहीं बना राशन कार्ड
अमर उजाला ब्यूरो
प्रतापगढ़। जिला आपूर्ति विभाग के अफसरों की लापरवाही के चलते 18,041 परिवारों को अभी राशन कार्ड नहीं मिला है। जिले में राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मिशन योजना के तहत लोगों को सस्ते दर पर राशन मुहैया कराने के लिए 5,78,509 परिवारों के 24,03,308 यूनिट (सदस्य) को राशन मुहैया कराने का लक्ष्य दिया है। मगर अभी तक 5,60,468 परिवारों के 23,48,889 यूनिट को ही राशन दिया जा रहा है।
राशन कार्ड बनवाने के लिए लोग डीएसओ कार्यालय का चक्कर लगा रहे हैं। कार्यालय के कर्मचारी यह कहकर उन्हें लौटा रहे हैं कि अब राशन कार्ड नहीं बनेगा। जिले में अभी भी 18,041 परिवारों के 54,419 यूनिट को शामिल करना है, मगर अफसरों की लापरवाही के चलते लोगों को लाभ नहीं मिल रहा है। हालांकि इन लाभार्थियों में 22,50,062 गांव और 98,827 यूनिट शहर के लोग शामिल हैं।
1247 दुकानें, 49 में चल रहा संबद्धीकरण का खेल
शहर और गांव मिलाकर जिले भर में 1247 दुकानें हैं। इन दुकानों में 49 दुकानों को प्रभावशाली कोटेदारों से संबद्ध करके अफसर खेल कर रहे हैं। संबद्ध दुकानों में राशन का वितरण करने के नाम पर खेल किया जा रहा है और अधिकारी जेब भर रहे हैं।
डीएसओ नहीं, पीओ उठाता है फोन
जिला पूर्ति अधिकारी अपना सीयूजी नंबर खुद नहीं उठाते हैं, बल्कि विवेक नाम का पीए उठाता है। मीडिया का नाम सुनते ही वह फोन काट देता है।
शासन की योजनाओं का लाभ लोगों को नहीं पहुंचाने वाले लापरवाह अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। जिला पूर्ति विभाग की शिकायतें प्राय: आती रहती हैं, पूरे मामले की जांच कराकर दोषियों को दंडित किया जाएगा।
धीरेंद्र प्रताप सिंह, सीडीओ।