छह मई को चुनाव कराने वाले मतदानकर्मियों की 12 मई को नहीं लगेगी ड्यूटी
कर्मचारियों की पर्याप्त संख्या के चलते जिला प्रशासन ने लिया फैसला
मास्टर ट्रेनरों को चुनाव से मिली मुक्ति, सिर्फ ट्रेनिंग तक रहेंगे सीमित
अमर उजाला ब्यूरो
प्रतापगढ़। जिले के उन कर्मचारियों के लिए राहत भरी खबर है, जिनकी ड्यूटी पांचवें चरण के चुनाव में लगने जा रही है। उन्हें छठवें चरण के चुनाव में ड्यूटी नहीं करनी होगी। जिला प्रशासन ने कर्मचारियों की पर्याप्त संख्या होने के कारण यह फैसला लिया है। इससे मतदान कर्मियों को एक बार ही चुनाव कराना होगा।
कौशांबी संसदीय सीट पर छह मई और प्रतापगढ़ संसदीय सीट पर 12 मई को मतदान होगा। कौशांबी संसदीय सीट के चुनाव में जिले की दो विधानसभाओं के मतदाता छह मई को मतदान करेंगे, जबकि पांच विधानसभाओं के मतदाता 12 मई को वोट डालेंगे। जिले में दो तिथियों में होने वाले मतदान को लेकर जिला प्रशासन ने तैयारियों को अंतिम रूप देना शुरू कर दिया है। जिला प्रशासन ने फैसला लिया है कि उन मतदान कार्मिकों की ड्यूटी 12 मई को नहीं लगाई जाएगी, जो छह मई को बाबागंज और कुंडा विधानसभाओं में मतदान कराएंगे। इधर, कर्मचारियों को प्रशिक्षित करने के लिए लगाए गए मास्टर ट्रेनरों की चुनाव ड्यूटी नहीं लगाई जा रही है। मगर मास्टर ट्रेनरों को चुनाव के अंतिम क्षण तक अफसरों के साथ रहना होगा। अगर किसी बूथ पर ईवीएम में कोई गड़बड़ी आती है, तो मौके पर भेजकर समस्या का निराकरण करने के लिए भेजा जाएगा।
11,653 कर्मचारियों की लगेगी ड्यूटी
जिले के 2616 बूूथों पर मतदान कर्मियों की तैनाती के लिए 11,653 कर्मचारियों की तैनाती की जा रही है। इसमें आरक्षित कर्मचारी भी शामिल हैं।
दूसरे चरण में महिलाओं की लगेगी ड्यूटी
लोकसभा चुनाव में महिलाओं को भी ड्यूटी करनी होगी। पहले चरण में पीठासीन और मतदान अधिकारी प्रथम की ड्यूटी दी गई है, जबकि दूसरे चरण में मतदान अधिकारी द्वितीय और तृतीय के लिए ड्यूटी जारी की जाएगी।
जिले के 2616 बूथों के लिए पर्याप्त मतदान कर्मचारी है, जो कर्मचारी पांचवें चरण में मतदान कराएंगे , उनकी ड्यूटी छठें चरण में नहीं लगेगी। एक कर्मचारी को सिर्फ एक बार ही चुनाव कराना होगा।
धीरेंद्र प्रताप सिंह, सीडीओ।