गजरौला के गांव देवीपुरा में बृहस्पतिवार दोपहर की घटना, परिजन बोले- उत्तर मिलाने के बाद से था परेशान
पीलीभीत। पुलिस आरक्षी भर्ती परीक्षा में सफल न होने की आशंका से परेशान युवक ने घर की छत पर जाकर जहर खा लिया। हालत बिगड़ने पर परिजन उसे जिला अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। युवक की मौत से परिवार में मातम पसर गया।
गजरौला थाना क्षेत्र के गांव देवीपुरा निवासी 24 वर्षीय सौरभ गंगवार तीन भाइयों और एक बहन में सबसे छोटा था। पिता लालता प्रसाद ने बताया कि बृहस्पतिवार दोपहर करीब दो बजे वह, उसकी पत्नी विधोतमा देवी और सौरभ घर पर मौजूद थे। इसी दौरान सौरभ घर की छत पर बने टिनशेड में चला गया। कुछ देर बाद उसने खुद आवाज देकर परिजनों को बुलाया। परिजन जब छत पर पहुंचे तो उसकी हालत बिगड़ी हुई थी।
आनन-फानन में उसे जिला अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। अस्पताल में युवक की मौत की खबर मिलते ही परिजनों में चीखपुकार मच गई। परिजनों के अनुसार, सौरभ ने पुलिस आरक्षी भर्ती परीक्षा के लिए आवेदन किया था। सोमवार को उसने लखीमपुर में परीक्षा दी थी। घर लौटने के बाद उसने अपने उत्तरों का मिलान किया। इसके बाद उसे परीक्षा में सफल न होने की आशंका होने लगी थी।
परिवार के लोगों का कहना है कि वह कुछ दिनों से काफी शांत रहने लगा था। आशंका जताई जा रही है कि इसी तनाव में उसने विषाक्त पदार्थ खा लिया। जिला अस्पताल में युवक की मौत की सूचना पर पुलिस पहुंची और परिजनों को समझाकर शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया। गजरौला थाना प्रभारी ब्रजवीर सिंह ने बताया कि चूंकि मामला जहर खाने से जुड़ा है। इसलिए शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेजा गया है।
होनहार था सौरभ, एएम तक हासिल कर ली थी शिक्षा
परिजनों ने बताया कि सौरभ होनहार था। हाईस्कूल में उसके 62 व इंटर में 73 प्रतिशत अंक आए थे। इसके बाद स्नातक के बाद एमए भी किया। तीन भाई और एक बहनों में वह छोटा होने के नाते सबसे लाडला भी था। उसके बड़े भाई और बहन की शादी भी हो चुकी है। उसके बड़े भाई कपिल प्राइवेट शिक्षक हैं। परिजनों ने बताया कि वह पुलिस भर्ती की लंबे समय से तैयारी कर रहा था। घर पर ही पढ़ाई करता था।
माता-पिता हुए बदहवास
सौरभ की मौत उसकी मां विधोतमा देवी और पिता लालता प्रसाद बदहवास हो गए। सूचना मिलने पर सौरभ के अन्य रिश्तेदार और ग्रामीण भी जिला अस्पताल पहुंचे। सभी एक-दूसरे को सांत्वना देते रहे।