खादी ग्रामोद्योग सेवा संस्थान में काम करतीं महिलाएं
- फोटो : संवाद
यहां तैयार कपड़े पीलीभीत के अलावा आजमगढ़, मुरादाबाद, लखनऊ की यूनिटों तक भेजे जा रहे हैं। साथ ही साड़ी, कोट, कुर्ता, शर्ट और सूट जैसे तैयार कपड़ों की हजारा यूनिट बिक्री भी बढ़ी है। उन्होंने बताया कि अब हापुड़ में भी नई यूनिट की शुरुआत होने जा रही है। इस यूनिट के लगने से खादी के धागे से अपनी मेहनत और आत्मविश्वास बुनती ये महिलाएं न केवल अपने परिवारों को आर्थिक मजबूती दे रही हैं, बल्कि ट्रांस शारदा क्षेत्र में स्वदेशी और स्वावलंबन की नई कहानी भी लिख रही हैं।
जल्द ही कलर यूनिट लगाने की है योजना
निखिल का कहना है कि हजारा यूनिट पर जल्द ही कलर यूनिट लगाने की योजना है। इसको लेकर भारत सरकार से वार्तालाप चल रही है। कालर यूनिट से उत्पादन क्षमता और रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। निखिल का मानना है कि धनाराघाट पुल का निर्माण पूरा होने के बाद इस कारोबार को और गति मिलेगी, क्योंकि यहां तक पहुंच आसान हो जाएगी और बाजार का दायरा भी बढ़ेगा।