जमीन की कुराबंदी (बंटवारा) के नाम पर किसान से रिश्वत मांगने वाले बीसलपुर तहसील के लेखपाल को उत्तर प्रदेश सतर्कता अधिष्ठान बरेली (विजिलेंस) की टीम ने शुक्रवार की दोपहर दबोच लिया। टीम ने लेखपाल को 10 हजार रुपये की घूस लेते पकड़ा और अपने साथ ले गई। विजिलेंस टीम की कार्रवाई से तहसील में हड़कंप मचा है।
बीसलपुर तहसील क्षेत्र के ग्राम मीरपुर वाहनपुर निवासी सरताज ने सतर्कता अधिष्ठान बरेली सेक्टर में शिकायत दर्ज कराई थी। इसमें कहा था कि बीसलपुर तहसील में तैनात हल्का लेखपाल संजीव कुमार की ओर से उसकी जमीन के बंटवारे से जुड़ी रिपोर्ट उसके पक्ष में रिपोर्ट लगाने के एवज में 10,000 रुपये की घूस मांगी गई है। शिकायतकर्ता की जमीन 18 हिस्सेदारों में बंटी हुई है। लेखपाल पर आरोप था कि वह तालाब किनारे की जमीन छोड़कर शेखापुर मार्ग किनारे की उपजाऊ जमीन उसके नाम दर्ज कर देगा। इसके बदले दस हजार रुपयेे देने होंगे।
शिकायत की जांच के बाद सतर्कता अधिष्ठान बरेली सेक्टर के पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में टीम ने ट्रैप कार्रवाई की योजना बनाई। शुक्रवार को शिकायतकर्ता सरताज तहसील परिसर में तय स्थान पर पैसे देने पहुंचा। जैसे ही लेखपाल ने 10 हजार रुपये नकद लिए, टीम ने उसे रंगे हाथ धर दबोचा। मौके पर ही रुपये बरामद कर लेखपाल को गिरफ्तार कर लिया गया।
टीम आरोपी लेखपाल को पहले बीसलपुर कोतवाली लेकर पहुंची, लेकिन कुछ देर रुकने के बाद वह लेखपाल को लेकर बरेली रवाना हो गई। टीम ने आरोपी को हिरासत में लेकर पूछताछ की और उसके खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कराया। कार्रवाई की जानकारी लगते ही तहसील में हड़कंप मच गया। अधिकांश कर्मचारी कमरे बंद करते दिखाई दिए। एसडीएम नागेंद्र पांडेय ने बताया कि विजिलेंस टीम ने लेखपाल को रिश्वत के मामले में पकड़कर कार्रवाई की है।