पीलीभीत टाइगर रिजर्व के प्रतिबंधित क्षेत्र में घूमती थार।स्रोत:वायरल वीडियो
पीलीभीत। पीलीभीत टाइगर रिजर्व में एनटीसीए के नियम बेकार हैं। जंगल के प्रतिबंधित क्षेत्र में धड़ल्ले से निजी वाहन दौड़ाए जा रहे हैं। करीब एक सप्ताह पहले गन्ना राज्यमंत्री के काफिले का वीडियो वायरल होने के बाद अब पीलीभीत टाइगर रिजर्व में पशु चिकित्सक डॉ. दक्ष गंगवार का थार से घूमने का वीडियो सामने आया है। वीडियो में दो निजी गाड़ियां दिख रही हैं।
पीलीभीत टाइगर रिजर्व में तैनात पशु चिकित्सक डॉ. दक्ष गंगवार के फेसबुक अकाउंट से शनिवार सुबह करीब 8:30 बजे एक वीडियो अपलोड किया गया। वीडियो में थार गाड़ी टाइगर रिजर्व के प्रतिबंधित क्षेत्र में दौड़ती दिख रही है। बैक ग्राउंड में एक गाना भी लगाया गया। एक अन्य निजी गाड़ी में बैठे लोग वीडियो बना रहे हैं। दूसरी गाड़ी का कुछ हिस्सा भी वीडियो में नजर आता है।
गाड़ी की लाइटें भी जलाई जा रही हैं। मामले में डॉ. दक्ष गंगवार का कहना है कि वीडियो पुराना है। क्या उन्हें निजी गाड़ी से घूमने की छूट है? इस सवाल पर वह चुप्पी साध गए। कुछ समय पहले एनटीसीए के नियम दूसरे थे? इस सवाल का जवाब भी उनके पास नहीं था। टाइगर रिजर्व में निजी वाहनों से आवाजाही काफी सुर्खियों में है।
पुराना वीडियो बताकर लीपापोती में जुटे वन अधिकारी
टाइगर रिजर्व के प्रतिबंधित क्षेत्र में निजी गाड़ी का वीडियो वायरल मामले में वन विभाग के अधिकारी अलग ही तर्क दे रहे हैं। वीडियो पुराना बताकर लीपापोती की जा रही है। डीएफओ मनीष सिंह ने बताया कि वीडियो करीब एक वर्ष पुराना है। फेसबुक पर वही वीडियो दोबारा से पोस्ट हुआ है। फील्ड डायरेक्टर विजय सिंह ने भी वीडियो पुराना बताकर पल्ला झाड़ने का प्रयास किया। कहा कि वीडियो एक साल पुराना है।
राज्यमंत्री के काफिले पर भी चुप्पी
करीब एक सप्ताह पहले गन्ना राज्यमंत्री के काफिले का जंगल के प्रतिबंधित क्षेत्र में घुसने के वायरल वीडियो मामले में डीएफओ और एफडी अब तक मौन हैं। हालांकि एनटीसीए सख्त हो गया और मामले की रिपोर्ट मांगी है। राज्यमंत्री के काफिले में स्कार्ट और उनकी गाड़ी को छोड़कर दो अन्य गाड़ियां भी शामिल थीं। विभाग इन गाड़ियों की जानकारी भी नहीं कर पा रहा। डीएफओ ने बताया कि वाहनों का पता कराया जा रहा है।