प्रशासन ने लोगों को शारदा नदी और अन्य नदियों-नालों के किनारे नहीं जाने की हिदायत दी है। तेज बहाव वाले पानी में प्रवेश करने और जलभराव वाले रास्तों को पार करने से भी बचने को कहा गया है। बच्चों को नदी, नाले और पानी से भरे स्थानों से दूर रखने की विशेष अपील की गई है।
नदी किनारे और निचले इलाकों में रहने वाले परिवारों को प्रशासन के निर्देश मिलते ही सुरक्षित एवं ऊंचे स्थानों पर चले जाने को कहा गया है। पशुओं, खासकर गौवंश को भी सुरक्षित स्थान पर रखने की अपील की गई है। प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि पानी का बहाव बढ़ने की स्थिति में लापरवाही भारी पड़ सकती है।
बिजली के तारों से रहें दूर, अफवाहों पर न दें ध्यान
जलभराव के दौरान विद्युत पोल, ट्रांसफार्मर और टूटे तारों से दूर रहने की चेतावनी दी गई है। पानी भरे स्थानों पर बिजली के उपकरणों का इस्तेमाल नहीं करने को कहा गया है। आवश्यकता पड़ने पर घर छोड़ते समय जरूरी दस्तावेज, मोबाइल फोन, दवाइयां, पेयजल और खाद्य सामग्री साथ रखने की सलाह दी गई है।
प्रशासन ने लोगों से किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न देने और केवल आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करने को कहा है। जनहानि, पशुहानि, मकान, फसल या अन्य संपत्ति को नुकसान होने पर तत्काल स्थानीय प्रशासन को सूचना देने की अपील की गई है। तहसील प्रशासन ने कहा है कि शारदा नदी की स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है।