माधोटांडा क्षेत्र के गांव महाराजपुर निवासी प्रसनजीत (22) रविवार करीब 12 बजे गांव के ही शिवम (21) अन्य चार दोस्तों के साथ शारदा डैम से निकलने वाली सब्सिडी हरदोई ब्रांच नहर में नहाने पहुंचे थे। पुल के नजदीक सभी नहर के पानी में उतरकर नहाने लगे। कुछ देर बाद प्रसनजीत और शिवम गहने पानी की ओर पहुंच गए। दोनों पानी में डूबने लगे।
डूबता देख साथी दोस्तों में चीख पुकार मच गई। सूचना पर नजदीक में ही स्थित चेक पोस्ट के एसएसबी जवान मौके पर पहुंचे। हालांकि तब तक दोनों युवक डूब चुके थे। उनका कोई सुराग नहीं मिला। सूचना के बाद परिजन समेत ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। एसओ अचल कुमार भी मौके पर पहुंचे।
नहर को बंद कराने के लिए ग्रामीणों ने विधायक पूरनपुर बाबूराम पासवान से संपर्क किया कुछ देर बाद सिंचाई विभाग के एसडीओ ने मौके पर पहुंचकर नहर गेटों को बंद कराया। इसके बाद एसएसबी, पीएसी की टीम के अलावा गोताखोर भी नहर में शवों की तलाश करते रहे। देर शाम तक दोनों का कोई सुराग नहीं लग सका। घटना के बाद दोनों युवकों के परिजन बदहवास हो गए। देर शाम तक पुत्र की आस में दोनों की मां व अन्य परिजन नहर के पास बैठे रहे।
फार्मासिस्ट थे दोनों दोस्त, दो बहनों में अकेला भाई था शिवम
मृतक शिवम दो बहनों में अकेला भाई था। नहर में डूबने की सूचना के बाद घर में खलबली मच गई। प्रसनजीत दो भाई और एक बहनों में तीसरे नंबर का था। दोनों डी फार्मा कोर्स पूरा करने के बाद खटीमा में ट्रेनिंग कर रहे थे। कुछ दिन पूर्व भी घर आए थे।
नहर क्षेत्र में लगी रही भीड़
दो युवकों के नहर में डूबने की सूचना पर डैम की तलहटी के ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। जिसके चलते वाहनों की कतार लगी रही। पुलिस और एसएसबी के जवान भी बढ़ी मात्रा में मौजूद रहे। तमाम राहगीर भी रुक गए। इससे वहां वाहनों की भी लंबी कतार लग गई।