वन्यजीव संरक्षण पर काम कर
रही संस्था डब्ल्यूडब्लयूएफ के अधिकारियों ने बैठक कर टाइगर रिजर्व में
कराए जाने वाले कार्यों पर चर्चा की। वर्क प्लान पर चर्चा के लिए उत्तरी
भारत के छह टाइगर रिजर्व व नेशनल पार्कों के अधिकारी इसमें मौजूद रहे।
वन
एवं वन्यजीवों के संरक्षण पर वन विभाग का सहयोग कर रही डब्ल्यूडब्ल्यूएफ
की ओर से वर्क प्लान मीटिंग का आयोजन शहर के एक होटल में किया गया। इसमें
राजाजी नेशनल पार्क देहरादून, जिम कार्बेट पार्क , दुधवा नेशनल पार्क,
टाइगर रिजर्व पीलीभीत, टाइगर रिजर्व वाल्मीकि पश्चिमी चंपारण (बिहार) में
कार्यरत अधिकारी की मौजूद रहे।
दो दिन चलने वाली इस बैठक में मई से दिसंबर
तक वन एवं वन्यजीव संरक्षण पर किए जाने वाले कार्यों की योजना तैयार की गई।
डब्ल्यूडब्ल्यूएफ के डॉ. मुदित गुप्ता ने बताया कि वनों की सुरक्षा के साथ
जंगल में आने वाली विभिन्न दिक्कतों पर भी चर्चा की गई। जनवरी से अब तक
टाइगर रिजर्व को दी गई सुविधाओं की समीक्षा जा रही है और वन्यजीवों की
सुरक्षा के लिए विभाग को किस प्रकार मदद की जाए इसकी योजना तैयार की जा रही
है।
यहां प्रमुख रूप से डॉ. एके सिंह, डॉ. हरीश कुमार, डॉ. मुदित गुप्ता,
डॉ. कमलेश कुमार, नरेश कुमार, मेरान अनवर, शैकब सूत्रधार, जीशू चक्रवती,
अनिल श्रीवास्तव, भुवन सिंह रावत, सतेंद्र कुमार, एम मेरी सिंह, रूतेंद्र
कौर, किम सहित लोग मौजूद रहे।