बीसलपुर। विभागीय अनदेखी के चलते नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) पर एक वर्ष बाद भी स्थायी चिकित्सकों की तैनाती नहीं हो सकी है, जिससे यहां की व्यवस्थाएं प्रभावित हैं। विभाग की ओर से अस्थायी चिकित्सकों की शिफ्ट के आधार ड्यूटी लगाकर काम चलाया जा रहा है। व्यवस्थाओं में सुधार न होने से मरीज परेशान हैं।
नगर की लगभग एक लाख आबादी के स्वास्थ्य का जिम्मा इस स्वास्थ्य केंद्र का है। स्टाफ और संसाधनों की कमी के कारण इस स्वास्थ्य केंद्र पर रोजाना 100 से 150 मरीज पहुंचते हैं। नगर क्षेत्र के 99 फीसदी मरीज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में ही जाते हैं।
नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंंद्र की प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. समृद्धि गुप्ता का तबादला लगभग एक वर्ष पूर्व नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पीलीभीत हो गया था। उन्हें उसी समय कार्यमुक्त कर दिया गया था, लेकिन उनके स्थान पर अब तक किसी नए चिकित्साधिकारी की नियुक्ति नहीं हुई है।
विभाग ने काम चलाऊ व्यवस्था के तहत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के डॉ. आशीष अग्रवाल और डॉ. सविता विद्यार्थी को इस नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र से संबद्ध कर दिया। इस स्वास्थ्य केंद्र में नेत्र परीक्षण अधिकारी भी नहीं हैं। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र के नेत्र परीक्षण अधिकारी सुरेंद्र कुमार सप्ताह में तीन-तीन दिन दोनों स्वास्थ्य केंद्रों पर ड्यूटी करते हैं।
इस स्वास्थ्य केंद्र पर फार्मासिस्ट, वार्ड बॉय, एएनएम, स्टाफ नर्स के अलावा चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी संविदा पर तैनात हैं। स्वास्थ्य केंद्र पर लगे हेल्थ एटीएम को संचालित करने के लिए स्थायी ऑपरेटर भी नहीं है। फार्मासिस्ट और वार्ड बाॅय ही इस एटीएम को चलाते हैं। स्वास्थ्य केंद्र के वार्ड में बेड की व्यवस्था के अलावा आपातकालीन कक्ष और प्रयोगशाला भी नहीं है।
नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में मानक के अनुरूप स्टाफ तैनात किया जाना बहुत जरूरी है, ताकि नगर क्षेत्र के मरीजों को अपेक्षित लाभ मिल सकेे। -ज्ञान प्रकाश अग्रिहोत्री, मोहल्ला दुर्गाप्रसाद, बीसलपुर
नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र की बदहाली के लिए स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी पूरी जिम्मेदार हैं। अधिकारियों को चाहिए कि इस स्वास्थ्य केंद्र पर अतिशीघ्र मानक के अनुरूप सभी सुविधाएं सुनिश्चित कराएं। -अनुज मित्तल, मोहल्ला साहूकारा, बीसलपुर
नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र बीसलपुर में मरीजों को कोई दिक्कत नहीं होने दी जा रही है। जरूरत पड़ने पर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र से स्टाफ भेज दिया जाता है। आवश्यकता पड़ने पर नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र मेंं पहुंचने वाले गंभीर मरीजों को एंबुलेंस से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में बुलाकर उनका उपचार कर दिया जाता है। - डॉ. आलोक शर्मा, सीएमओ, पीलीभीत
बीसलपुर का नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र।संवाद
बीसलपुर का नगरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र।संवाद