इस्लामुद्दीन खां
अब शारदा डैम में भंडार किए गए पानी को सूखा पडने पर
रायबरेली समेत पौन दर्जन जनपदों को सिंचाई के लिए पानी की किल्लत से नहीं
जूझना पड़ेगा। शासन ने पानी की भरपाई करने वाली सबसीडियरी हरदोई ब्रांच के
हेड पर नए फाटक लगाने व चैनल की खुदाई को 18 करोड़ के प्रोजेक्ट की मंजूरी
दे दी है।
शारदा डैम से सबसीडियरी हरदोई ब्रांच को निकालकर 13 मील पर
हरदोई ब्रांच में डाला गया था। इस नहर को इसलिए बनाया गया था कि हरदोई
ब्रांच से उन्नाव और रायबरेली तक पौन दर्जनों जनपदों की लाखों एकड़ कृषि
भूमि की सिंचाई हो सके। सूखा पडने की स्थिति में व शारदा मुख्य नहर से पानी
की आवक कम होने पर सबसीडियरी हरदोई ब्रांच से ही सिंचाई की कमी को पूरा
किया जाता है, लेकिन पिछले तीन वर्षों से सबसीडियरी हरदोई ब्रांच का हेड
जिसमें दो फाटक खराब पड़े हैं और शेष बचे दो फाटकों को भी खोलने व बंद करने
में सिंचाई कर्मियों को काफी मशक्कत करनी पड़ती है। डेढ़ वर्ष पूर्व
सिंचाई मंत्री शिवपाल सिंह यादव ने यहां का दौरा किया था और हेड का
निरीक्षण करने के बाद आला अफसरों को प्रोजेक्ट बनाकर भेजने के निर्देश दिए
थे। उक्त खराबी के चलते ही सिंचाई विभाग का रोस्टर गड़बड़ाया चल रहा है।
सिंचाई विभाग की हेड वर्क्स खंड द्वारा 18 करोड़ रुपये का प्रोजेक्ट शासन
को मंजूरी के लिए भेजा गया था। जिसको टीएसी की स्वीकृति के बाद सरकार ने इस
प्रोजेक्ट को मंजूरी दे दी है।
यह होंगे कार्य
- पुराने हेड के पास में बनेगा नया हेड
- नए फाटकों को किया जाएगा स्थापित
- 500 मी तक नए चैनल की होगी खुदाई
सबसीडियरी
हरदोई ब्रांच का हेड पिछले कई वर्षों से गड़बड़ चल रहा था। अधिशासी
अभियंता के निर्देश पर 18 करोड़ का प्रोजेक्ट बनाया था। जिसे शासन ने
मंजूरी दे दी है। अब प्राजेक्ट के बन जाने के बाद पौन दर्जन जनपदों में
सिंचाई की किल्लत दूर हो जाएगी।
रामऔतार शर्मा, सहायक अभियंता हेडवर्क्स खंड बाइफरकेशन