पीलीभीत। देश और विदेश के सैलानियों के लिए पीलीभीत टाइगर रिजर्व (पीटीआर) के पर्यटन सत्र के द्वार छह नवंबर से खुल जाएंगे। तमाम अटकलों के बीच बुधवार को प्रधान मुख्य वन संरक्षक वन्य जीव संजय श्रीवास्तव के कार्यालय से आदेश जारी कर दिया गया। इसके बाद पीटीआर प्रशासन ने अपनी तैयारियां तेज कर दी हैैं।
पीलीभीत टाइगर रिजर्व का पर्यटन सत्र हर साल 15 नवंबर से शुरू होता है, लेकिन इस बार तिथि में परिवर्तन करते हुए छह नवंबर कर दिया गया है। छह माह तक चलने वाले पर्यटन सत्र के दौरान देश के विभिन्न राज्यों के अलावा विदेश से भी सैलानियों की आमद होती है।
पीटीआर में बाघों की निराली दुनिया और चूका बीच का खूबसूरत नजारा सैलानियों को अधिक पसंद आता है। इसके चलते पिछले सत्र में सैलानियों की संख्या ने पुराने सभी रिकॉर्ड तोड़ दिए। इसके पीछे बाघों के अधिक दीदार अहम वजह रहे। इसको लेकर पीटीआर को देश और दुनिया में सुर्खियों भी मिली थीं।
इधर, पर्यटन सत्र को लेकर 15 दिन पूर्व से ही तैयारियां शुरू कर दी गईं हैं, लेकिन सत्र के आगाज को लेकर तिथि पर अटकलें बरकरार थीं। बुधवार को मुख्यालय से आदेश आने के बाद छह नवंबर को नए पर्यटन सत्र की घोषणा कर दी गई।
चूका बीच के अलावा पर्यटन में यह है खास
पर्यटन सत्र के दौरान पीटीआर में चूका बीच के अलावा बराही रेंज में स्थित सायफन, सप्तसरोवर के अलावा बाइफरकेशन खास है। यहां का खूबसूरत नजारा भी सैलानियों को खूब पसंद आता है। इस इलाके में सैलानियों को बाघ के भी दीदाद होते हैं।
पीटीआर का पर्यटन सत्र छह नवंबर से शुरू हो रहा है। इसको लेकर मुख्यालय से आदेश प्राप्त हो चुका है। इसी हिसाब से पर्यटन स्थलों पर भी तैयारियां तेज कर दी गईं हैं। - मनीष सिंह, डीएफओ