जहानाबाद। मीरापुर गांव में खेत में काम करने के दौरान बाघ दिखने की सूचना पर बृहस्पतिवार को वन विभाग की टीम भी मौके पर पहुंच गई। टीम को मौके पर कहीं भी बाघ के पैरों के निशान नहीं मिले। ग्रामीण से जानकारी करने के बाद टीम के सदस्य लौट गए।
क्षेत्र के ग्राम मीरापुर के समीप बने एमआरएफ प्लांट के पास डालचंद्र गन्ने की फसल देखने गए थे। डालचंद्र के अनुसार उन्होंने बाघ देखा। शोर मचाने पर आसपास के लोग इकठ्ठा हो गए। यह बात जब गांव पहुंची तो दहशत फैल गई। बाघ होने की जानकारी पर डिप्टी रेंजर देव ऋषि सक्सेना, राजेंद्र कुमार सैनी, तेजपाल के साथ मौके पर पहुंचे।
आसपास के क्षेत्र में बाघ के पैरों के निशान को ट्रेस किया। लेकिन कहीं भी बाघ के पैरों के निशान नहीं मिले। डिप्टी रेंजर ने बताया मौके पर जंगली सुअर और नीलगाय के अलावा किसी भी जानवर के पैरों के निशान नहीं मिले हैं।