पीलीभीत। आमजन की सेहत का ख्याल रखने और मिलावटखोरों पर कार्रवाई की जिम्मेदारी संभालने वाले खाद्य सुरक्षा एवं औषधि विभाग ने होली पर्व पर जांच अभियान के नाम पर सिर्फ खानापूरी की। अभियान छोटे व्यापारियों के प्रतिष्ठानों तक सीमित रहा। बड़े और नामचीन प्रतिष्ठान के दरवाजे तक भी टीम नहीं पहुंची। होली पर्व पर टीम ने 10 दिन में 54 दुकानों से नमूने भरे। इनमें ज्यादातर छोटे दुकानदार हैं।
होली पर्व पर अधिकारियों के निर्देश पर सहायक आयुक्त खाद्य राम अवतार सिंह की ओर से गठित टीम ने जिले भर में दुकानों पर पहुंचकर खाद्य पदार्थों की जांच की। तीन से 13 मार्च तक चले इस विशेष अभियान में विभाग ने अलग-अलग स्थानों की दुकानों से 54 नमूने भरे जाने का दावा किया। मगर विभागीय अफसरों की सरपरस्ती में यह अभियान सिर्फ छोटे व्यापारियों तक ही सीमित रहा।
शहर से लेकर तहसील स्तर पर संचालित बड़े दुकानदारों को अभयदान दे दिया। जबकि इन दुकानों पर भी जमकर गोलमाल होता है। विभागीय नियमों की अवहेलना खुलेआम की जाती है। इसको लेकर मिलीभगत की चर्चा हो रही है।
नमूने लेने के बाद भी गोलमाल की चर्चा
टीम के जांच अभियान में तो खेल की चर्चा हो ही रही। नमूने लेने और उनकी जांच में भी खेल होने की बातें कही जा रहीं हैं। कार्रवाई में भी झोल रहता है। हाल ही में दियोरिया क्षेत्र में एक दुकान से नमूना लिया गया। इसमें व्यापारी ने विभागीय कार्रवाई पर प्रश्न चिह्न लगाए।
वर्जन
पर्व पर अभियान चलाकर विभिन्न दुकानों से कई खाद्य सामग्री के नमूने लिए गए है। जिन्हें जांच के लिए लैब भेजा गया है। जांच रिपोर्ट आने के बाद विभागीय कार्रवाई होगी।- रामअवतार सिंह, सहायक आयुक्त खाद्य