किसान की मौत पर विलाप करते परिजन -संवाद
पूरनपुर। घर से मजदूरी पर गेहूं की फसल में कीटनाशक का छिड़काव करने गए गांव पजावा निवासी सुरेश (55) बेसुध अवस्था में खेत के समीप बरहा (खेत में सिंचाई करने की नाली) में पड़े मिले। सीएचसी लाए गए सुरेश को चिकित्सक ने मृत घोषित कर दिया। मृतक के पुत्र ने खेत स्वामी की लापरवाही से पिता की मौत होने का आरोप लगाया।
गांव पजावा निवासी सुरेश के पुत्र छत्रपाल ने बताया कि गांव के बालकराम उसके पिता को मंगलवार को सुबह करीब चार बजे घर से गांव से कुछ दूरी पर गेहूं की फसल में कीटनाशक का छिड़काव कराने को ले गए थे। पिता ने पहले जाने से मना किया, लेकिन बालकराम के आग्रह करने पर वह उनके साथ गए। मंगलवार दोपहर करीब दो बजे पिता के खेत के समीप बराह में पड़े होने की सूचना कुछ लोगों ने उसे दी। सीएचसी लाए गए सुरेश को चिकित्सक ने मृत घोषित कर दिया।
छत्रपाल का आरोप है कि अगर पिता को समय से अस्पताल जाया जाता, तब शायद उनकी जान बच जाती। छत्रपाल ने बताया कि उसके पिता के पास भी खेती है। मां की मौत बचपन में ही हो गई थी।
सुरेश के दो पुत्र छत्रपाल और उमाशंकर, पुत्री इंद्रादेवी हैं। तीनों की शादी हो चुकी है। सुरेश अपने बड़े पुत्र छत्रपाल के साथ रहते थे। घटना की सूचना पर पहुंची पुलिस ने जांच पड़ताल शुरू कर दी है।