जिले में आंदोलनरत समायोजित शिक्षकों और शिक्षामित्रों का आंदोलन नौवें
दिन भी जारी रहा। बीआरसी पर हुई सभा में 22 सितंबर को केंद्रीय मंत्री
मेनका गांधी को ज्ञापन सौंपने का निर्णय लिया गया।
आर्दश शिक्षामित्र
वेलफेयर एसोसिएशन व प्राथमिक शिक्षामित्र शिक्षक संघ के तत्वावधान में
ललौरीखेड़ा व मरौरी के तमाम समायोजित शिक्षक व शिक्षामित्र दोपहर को ब्लाक
संसाधन केंद्र पर एकत्र हुए। यहां हुई सभा में समस्या का स्थाई समाधान न
होने तक रोजाना दो से चार बजे तक बीआरसी पर एकत्र होने का निर्णय लिया गया।
जिलाध्यक्ष महेंद्रपाल वर्मा ने कहा कि मुख्यमंत्री ने तीन माह के भीतर
समस्या का समाधान कराने का आश्वासन दिया है। तब तक सभी को वेतन मिलता
रहेगा। बीएसए से बकाया वेतन भुगतान कराने की मांग की गई। तय हुआ कि 22
सितंबर को केंद्रीय मंत्री व सांसद मेनका गांधी को ज्ञापन सौंपा जाएगा। इस
मौके पर प्रांतीय उपाध्यक्ष तीर्थदेव, संजीव कुशवाहा, हरिओम पांडेय, वीर
सिंह गंगवार, मुन्नेअली, विनय पांडेय, रामऔतार, जगन्नाथ, सालिगराम,
सुरेशपाल, दयाराम, पंकज, जगजीवनराम, चंद्रभान, राधारानी, ममतादेवी, सोमपाल
गंगवार, लीलावती, रेनी शर्मा, मायादेवी, सुनीता गंगवार, लक्ष्मी मौर्य,
मंजीत कौर आदि शामिल रहे।
शिक्षामित्र भाग लेने जाएंगे दिल्ली
बीसलपुर।
ब्लाक के सभी शिक्षामित्र 28 सितंबर से दिल्ली के जंतरमंतर पार्क में शुरू
होने वाले अनिश्चितकालीन धरने में भाग लेने जाएंगे। यह जानकारी प्राथमिक
शिक्षामित्र संघ के ब्लाक अध्यक्ष नरेंद्र पाल सिंह ने दी है।
अनदेखी करने पर जिलाध्यक्ष खफा
प्राथमिक
शिक्षामित्र शिक्षक संघ के जिलाध्यक्ष राम सिंह राठौर ने शिक्षामित्र
एसोसिएशन के पदाधिकारियों पर अनदेखी करने का आरोप लगाया है। उन्होंने कहा
कि दूसरे संगठन के पदाधिकारी लखनऊ व दिल्ली जा रहे हैं, लेकिन उनके साथ
उपेक्षापूर्ण रवैया अपनाया जा रहा है। उन्होंने धनसंग्रह को लेकर भी तमाम
आरोप लगाए। उन्होंने 22 सितंबर को रामलीला मैदान में धरने पर बैठने बात
कही। उन्होंने शिक्षकों व शिक्षामित्रों से धरने में शामिल होने की अपील
की।