ललित हरि चीनी मिल के ग्रेडर में ब्लास्ट मामले में घायल हुए एक और मजदूर प्रमोद ने शनिवार देर रात इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। इसके साथ इस हादसे में मरने वालों की संख्या चार हो गई है। तीन दिसंबर को ललित हरि चीनी मिल के ग्रेडर में ब्लास्ट हुआ था। इससे भवन का एक हिस्सा गिरने से मलबा में दबकर वहां काम कर रहे तीन मजदूर विष्णु, भारत व पवन की मौके पर मौत हो गई थी। इसके अलावा आधा दर्जन मजदूर गंभीर रुप से घायल हुए थे। चीनी मिल के मालिकों व प्रबंधन पर गैर इरादतन हत्या की धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया था। मजिस्ट्रेटी जांच भी चल रही है। इधर, बरेली के एक निजी अस्पताल में भर्ती गौहनिया निवासी 25 वर्षीय प्रमोद पुत्र मनोहर लाल और बरहा निवासी धर्मेंद्र पुत्र सोहनलाल की हालत नाजुक बनी हुई थी। दोनों हादसे के बाद निकली आग में झुलस गए थे। शनिवार देर रात प्रमोद की इलाज के दौरान मौत हो गई। इसका पता लगने पर परिवार में मातम पसर गया। रविवार को पोस्टमार्टम के बाद प्रमोद का शव गांव ले जाया गया। उधर मिल के जीएम (एचआर) आशीष गुप्ता ने बताया कि घायल प्रमोद को बचाने की मिल प्रबंधन ने पूरी कोशिश की। मिल के एक चिकित्सक की देखरेख में उसका बरेली स्थित एक मेडिकल कॉलेज में इलाज चल रहा था, लेकिन चिकित्सक उसे बचा नहीं सके। मजदूर प्रमोद के परिवार की मिल प्रबंधन हर संभव सहायता करेगा।