लखीमपुर खीरी के मितौली क्षेत्र में एक लावारिस कुत्ते ने बीते दो दिनों के भीतर ऐसा आतंक मचाया है कि आधा दर्जन गांवों के ग्रामीणों में दहशत का माहौल है। कुत्ते ने राह चलते राहगीरों और घरों के बाहर बैठे लोगों पर अचानक हमला कर 19 लोगों को लहूलुहान कर दिया। इंसानों के साथ-साथ इस आवारा कुत्ते ने कई मवेशियों को भी अपना शिकार बनाया है। लोगों ने कुत्ते में रेबीज संक्रमण की आशंका जताई है।
सबसे खौफनाक घटना जलालपुर गांव की है, जहां 70 वर्षीय बुजुर्ग महिला किशोरी देवी पर कुत्ते ने हमला कर दिया। कुत्ते ने उनके शरीर से कई जगह का मांस नोच लिया। हालत गंभीर होने पर उन्हें तुरंत जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। उनके भतीजे मायाप्रसाद ने बताया कि उनकी स्थिति गंभीर है। इसके अलावा कुस्तौल गांव में 10 वर्षीय मलिंगा और संतोष कुमार को कुत्ते ने काटकर घायल कर दिया।
पिपरा गांव में भी मचाया आतंक
वहीं पिपरा गांव में चौकीदार मूलचंद, उनकी एक रिश्तेदार महिला, सोनू पासी की बेटी और 11 वर्षीय छोटू भी इस हमले का शिकार हुए। हसनपुर गांव के महेश समेत कई अन्य लोग भी घायल हुए हैं। रौतापुर गांव में तो हद हो गई, जब वहां चल रहे एक भंडारे में पहुंचे श्रद्धालुओं पर कुत्ते ने हमला बोल दिया और चार लोगों को काट खाया।
ग्रामीणों ने लाठी-डंडों की मदद से किसी तरह कुत्ते को वहां से भगाया। घटना के बाद सभी घायलों को इलाज के लिए स्थानीय सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और जिला अस्पताल ले जाया गया। बुधवार को अस्पताल खुलते ही एंटी रेबीज वैक्सीन लगवाने के लिए प्रभावित गांव के लोग बड़ी संख्या में सीएचसी में पहुंच रहे हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से आवारा और पागल कुत्तों को पकड़वाने की मांग की है।