जहानाबाद। थाना जहानाबाद क्षेत्र के अतिसंवेदनशील ग्राम खमरियापुल में ईद मिलाद उन नबी के मौके पर शरारतीतत्वों ने धार्मिक स्थल पर पथराव कर माहौल बिगाड़ने का प्रयास किया। ग्रामीणों का आरोप है कि सूचना के बाद भी थाना पुलिस सतर्क नहीं हुई। अफसरों को अवगत कराने के बाद गांव में पुलिस पहुंची और पत्थर हटवाने के साथ गांव में गश्त की गई। पुलिस का कहना है कि शरारतीतत्वों को चिह्नित किया जा रहा है।
जहानाबाद क्षेत्र का ग्राम खमरियापुल पिछले कई वर्षों से संवेदनशील श्रेणी में है। शुक्रवार देर रात ईद मिलाद उन नबी को लेकर धार्मिक स्थल में कार्यक्रम चल रहा था। इसी दौरान कुछ शरारतीतत्वों ने धार्मिक स्थल पर पत्थर फेंक दिए। इससे मौके पर हड़कंप मच गया। घटना की सूचना के बाद थाना पुलिस सक्रिय नहीं हुई। इसपर लोगों ने सूचना पुलिस के उच्च अधिकारियों को दी।
इसके कुछ देर बाद थाना प्रभारी प्रदीप विश्नोई फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने घटना स्थल का निरीक्षण कर पत्थर हटवा दिए। पुलिस फोर्स ने गश्त कर स्थिति को परखा। समुदाय विशेष के लोगों का आरोप है कि पुलिस हमलावरों की पहचान और कार्रवाई करने में पूरी तरह नाकाम रही है। उनका कहना है कि कुछ लोग जानबूझकर गांव का माहौल खराब करने का प्रयास कर रहे हैं, लेकिन पुलिस निष्क्रिय बनी हुई है। एसपी अभिषेक यादव ने बताया कि खमरिया पुल पर पथराव की सूचना पर पुलिस भेजी गई थी। आरोपियों की पहचान की जा रही है। उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। यदि पुलिस की ओर से लापरवाही सामने आती है तो उस पर भी जांच कर कार्रवाई की जाएगी।
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एक दिन पहले भी हुई थी पथराव की घटना
ग्रामीणों ने बताया कि बृहस्पतिवार रात को भी धार्मिक स्थल पर पथराव हुआ था। इसमें एक ग्रामीण के पत्थर लगा था। उस समय पुलिस भी गांव में मौजूद थी, इसके बावजूद आरोपियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हुई। ग्रामीणों का कहना है कि सूचना पर थाना से पुलिस मौके पर पहुंची, लेकिन समुदाय विशेष के आरोपों पर सिर्फ समझा बुझाकर लौट गई और घटना को अधिकारियों से छिपा दिया।