नगरिया खुर्द कला में ठोकर के क्षतिग्रस्त हिस्से पर कराई जा रही मरम्मत। संवाद
बनबसा बैराज से 1.21 लाख क्यूसेक पानी किया पास, सिंचाई विभाग ने बढ़ाई निगरानी
कलीनगर। पहाड़ों पर हुई बारिश के बाद बनबसा बैराज से शारदा नदी में 1.21 लाख क्यूसेक पानी छोड़े जाने से नदी का जलस्तर बढ़ गया है। बढ़ते जलस्तर के साथ तहसील क्षेत्र में शारदा नदी की धार बाढ़ नियंत्रण योजना के मुख्य स्थल से टकराने लगी है। वहीं, नगरिया खुर्द कलां में क्षतिग्रस्त मुख्य ठोकर को स्थानीय कार्य कराने के बजाय सिंचाई विभाग अस्थायी कट्टे लगाकर बचाने में जुटा है। साथ ही यहां निगरानी बढ़ा दी है।
बताया जाता है कि डाउन स्ट्रीम क्षेत्र में करीब डेढ़ करोड़ रुपये की लागत से बाढ़ नियंत्रण परियोजना बनाई गई थी। पिछले वर्ष बाढ़ के दौरान पत्थरों से बनी मजबूत ठोकर का अंदरूनी हिस्सा क्षतिग्रस्त हो गया था। इसके बावजूद पूरे साल उसकी मरम्मत नहीं कराई गई। अब नदी का जलस्तर बढ़ते ही उसी ठोकर पर सबसे ज्यादा दबाव बन गया है। उसके अपस्ट्रीम हिस्से में बनाया गया पत्थरों का सपोर्ट भी नदी की भेंट चढ़ गया। स्थिति बिगड़ती देख सिंचाई विभाग ने तीन दिन पहले क्षतिग्रस्त हिस्से के पास रेत से भरे बोरों के सहारे अस्थायी बचाव कार्य शुरू कराया है। हालांकि ग्रामीण इस कार्य को नाकाफी मान रहे हैं।
अधिशासी अभियंता आशुतोष कुमार ने बताया कि नदी का जलस्तर बृहस्पतिवार शाम तक घटकर 89 हजार क्यूसेक रह गया। नगरिया क्षेत्र में क्षतिग्रस्त ठोकर की मरम्मत जारी है। संवाद