पूरनपुर। बनबसा बैराज से शारदा नदी में करीब एक लाख क्यूसेक पानी पास होने से नदी फिर उफना गई। तटबंध के छोर से चंदिया हजारा के समीप खेतों में पानी घुस गया। गांव खिरकिया बरगदिया के समीप रविवार को भी भूकटान तेजी से जारी रहा। पांच किसानों की छह एकड़ गन्ने की फसल नदी में समा गई।
नदी पिछले कई दिनों से गांव खिरकिया बरगदिया, नहरोसा, राणा प्रतापनगर, सिद्धनगर आदि के समीप कटान कर रही है। गांव खिरकिया बरगदिया के समीप रविवार को भी तेजी से भूूकटान जारी रहा। रविवार को गांव निवासी काबुल सिंह की डेढ़ एकड़, उमेश की एक एकड़, मटरू की एक एकड़, समीउद्दीन और संजय की डेढ़-डेढ़ एकड़ जमीन पर लहलहा रही गन्ने की फसल नदी में समा गई।
नदी इसके अलावा गांव के ज्ञानी अजीत सिंह, कुलदीप सिंह, हरदीप सिंह, श्याम सुंदर, भागरथी, मुन्नर, लाखन सिंह, रामायन, अलवीर, रामधारी, दीनानाथ, शारदापार के प्रेमचंद्र, जागेश्वर, चंद्रमुखी की गांव खिरकिया बरगदिया के समीप तो गांव ढक्काचांट निवासी एहसान, जलील, संजय के खेतों में पहले से ही कटान कर रही है।
तेजी से हो रहे भूकटान से किसान परेशान हैं। रविवार को बनबसा बैराज से शारदा नदी में एक लाख क्यूसेक पानी पास किया गआ। इससे नदी उफना गई। गांव चंदिया हजारा के समीप बनाए जा रहे डौला (तटबंध) के एक छोर से नदी का पानी गांव के समीप खेतों में भरना और नालों से गांव की ओर आना शुरू हो गया।
नदी के उफनाने से बाढ़ की आशंका पर आसपास के लोगों में खलबली है। लोग सामान को ऊंचे स्थानों पर रखने लगे हैं, ताकि बाढ़ आने पर सामान को सुरक्षित रखा जा सके।