- मरौरी ब्लॉक की 12 ग्राम पंचायतों से अलग-अलग मदों में डोंगल से किया भुगतान
- एडीओ ललौरीखेड़ा को सौंपी गई जांच, 15 दिन में मांगी रिपोर्ट
संवाद न्यूज एजेंसी
पीलीभीत। मरौरी ब्लॉक में तैनात सचिव ने चिकित्सीय अवकाश पर रहते हुए 12 ग्राम पंचायतों में अलग-अलग मदों में 28 लाख रुपये से अधिक धनराशि निकाल ली। खुलासा होने पर डीपीआरओ ने सचिव को निलंबित कर जांच शुरू की है। एडीओ पंचायत ललौरीखेड़ा से 15 दिनों में पूरी रिपोर्ट देने को कहा है।
सचिवों पर कार्रवाई के बाद भी उनकी मनमानी कम नहीं हो पा रही है। मरौरी ब्लॉक के सचिव अनिल कुमार ने चिकित्सा अवकाश पर रहने के दौरान ही खेल कर दिया। सचिव आठ से 18 फरवरी तक चिकित्सा अवकाश पर थे। इस दौरान उन्होंने 15वें और पांचवें वित्त आयोग से आई धनराशि को निकाल लिया।
ग्राम पंचायत बनौसा, दियूनी बहादुरगंज, ईघरा, कुर्रइया, मकतुल, सरायसुंदरपुर, अलकथान, लौकहा, नरायनठेर, प्रतापपुर, सिसैईया, बस्थना सहित 12 ग्राम पंचायतों में 28,72806 रुपये निकालकर दुरुपयोग किए जाने की बात सामने आई। जांच में इसकी पुष्टि होने पर जिला पंचायत राज अधिकारी ने उनको निलंबित करते हुए एडीओ ललौरीखेड़ा को जांच सौंपी है।
एडीओ से 15 दिनों के भीतर रिपोर्ट मांगी गई है। डीपीआरओ सतीश कुमार ने बताया जांच में प्रथम दृष्टया सचिव अनिल कुमार दोषी पाए गए। सरकारी धनराशि का दुरुपयोग किया गया। इस पर निलंबित किया गया है।