पीलीभीत। ग्राम पंचायत नंद में लाइट लगवाने के नाम पर गड़बड़ी करने वाले सचिव को निलंबित कर दिया गया है। वहीं, जांच अधिकारी की भूमिका संदिग्ध आई है।
बिलसंडा ब्लॉक क्षेत्र के गांव नंद में सोलर लाइट लगवाने के नाम पर ग्राम पंचायत सचिव रोहित कुमार ने लाखों रुपये का भुगतान कर लिया। गांव में लाइटों को लगवाया ही नहीं गया। मामले में ग्रामीणों ने विरोध-प्रदर्शन किया। मामला जब अफसरों तक पहुंचा तो जांच समिति गठित कर जांच के आदेश दिए गए। जांच अधिकारी ने जांच के दौरान सचिव को बचाने का पूरा प्रयास किया।
इसके बाद जांच रिपोर्ट अफसरों को सौंप दी। अफसर ने जब जांच आख्या का अवलोकन किया तो पाया कि सचिव ने लाइट लगवाने के लिए जैम पोर्टल से खरीद नहीं की। लाइट लगवाने से पूर्व सचिव ने उनका तकनीकी सत्यापन भी नहीं कराया। इसके साथ ही कई अन्य लापरवाही भी पंचायत सचिव की उजागर हुई हैं। प्रभारी डीपीआरओ डॉ. प्रदीप कुमार ने बताया कि सचिव की लापरवाही मिलने पर उसे निलंबित कर दिया है।
डीएम की ओर से प्रधान को भी जारी किया गया नोटिस
पूरे मामले में सचिव को दोषी पाते हुए जहां निलंबित की कार्रवाई की गई है। वहीं, प्रधान हरिओम को डीएम की ओर से नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा गया है। समयावधि में जवाब न देने पर प्रधान के खिलाफ भी विभागीय कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।