संविदा सफाई कर्मी भर्ती में आरक्षण को लेकर शुरू हुआ विरोध थमने का नाम नहीं ले रहा है। सफाई कर्मियों ने बुधवार को प्रदेश सरकार के निर्णय के खिलाफ नारेबाजी कर जुलूस निकाला और मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन अतिरिक्त मजिस्ट्रेट को सौंपा।
राष्ट्रीय सफाई मजदूर संघ के प्रांतीय आह्वान पर जिलेभर के तमाम सफाई कर्मी बुधवार को नगर पालिका परिषद परिसर में एकत्र हुए। सफाई कर्मियों ने प्रदेश सरकार के निर्णय के खिलाफ नारेबाजी करते हुए जुलूस निकाला। जुलूस शुगर फैक्ट्री रोड होते हुए गौहनिया चौराहा, नकटानादाना चौराहा होते हुए कलेक्ट्रेट परिसर पहुंचकर सभा में तब्दील हो गया। सभा में संघ के राष्ट्रीय महासचिव विकास वाल्मीकि ने कहा कि जो भी सरकार रोजी-रोटी छीनने का प्रयास करेगी उसके खिलाफ पूरे प्रदेश में आंदोलन कर उसकी ईंट से ईंट बजाकर रख देंगे। समाज सालों से छुआछूत का दंश झेलता आ रहा है और अब रोजगार छीना जा रहा है। सरकार को हर हाल में यह फैसला बदलना होगा। महर्षि बाल्मीकी सेना के प्रदेश अध्यक्ष अटल वाल्मीकि ने कहा कि सरकार के इस निर्णय के खिलाफ पूरे प्रदेश में वाल्मीकि समुदाय सड़कों पर उतर चुका है। 25 जुलाई को विधानसभा का घेराव कर हम सरकार को निर्णय बदलने के लिए मजबूर कर देेंगे। कहा कि यदि भर्ती प्रक्रिया शुरू की गई तो समाज के लोग नगर निकायों में लाठी लेकर धरना प्रदर्शन करेंगे। शाखा अध्यक्ष विट्टनलाल, जिलाध्यक्ष जग्गोदवी आदि ने विचार रखे। सभा के बाद मुख्यमंत्री को संबोधित ज्ञापन अतिरिक्त मजिस्ट्रेट अरुणमणि त्रिपाठी को ज्ञापन सौंपकर भर्ती में सिर्फ वाल्मीकि समाज को शामिल कराने की मांग की गई। जुलूस में वंशीलाल, नवलेश वाल्मीकि, रमेशचंद्र, राकेश, बबलू, बहादुरलाल, मनोज, मुकेश, रामचंद्र, नन्हीं देवी, रामबेटी, चंद्रपाल, धर्मेंद्र, अरुण राही, अभिषेक, विजयपाल, प्रदीप, सुनील, अंकुश, जयादेवी, कालीचरन आदि शामिल रहे।