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Pilibhit News: डीजल-पेट्रोल की बचत करने के लिए आगे आए जनप्रतिनिधि और अफसर

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पीलीभीत। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की डीजल-पेट्रोल कम खर्च करने की पहल को सार्थक बनाने के लिए पीलीभीत के जनप्रतिनिधियों ने कदम आगे बढ़ाया है। पीलीभीत शहर विधायक एवं गन्ना राज्य मंत्री संजय सिंह गंगवार ने अपने काफिले में शामिल गाड़ियों की संख्या आधी करने की घोषणा की है। मंत्री छह गाड़ियों के काफिला लेकर चलते थे, अब तीन गाड़ियां लेकर चलेंगे। साथ ही शहर में जनता से मिलने के लिए बाइक का इस्तेमाल करेंगे। स्वयं बाइक से लोगों के घरों तक पहुंचकर समस्याएं सुनेंगे। मंत्री ने कहा कि जनता से सीधा संवाद ही जनप्रतिनिधि की सबसे बड़ी जिम्मेदारी होती है।
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ईरान-इजराइल के युद्ध के बाद से डीजल-पेट्रोल को लेकर संकट बना है। देश में डीजल-पेट्रोल की खपत करने के लिए दो दिन पहले प्रधानमंत्री ने देशवासियों से अपील की। इसी क्रम में मंगलवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने तेल की बचत करने के लिए मंत्रियों के काफिले में कटौती करने की पहल शुरू की। मुख्यमंत्री के संदेश का असर जिले के जनप्रतिनिधियों पर हुआ है। गन्ना राज्य मंत्री संजय गंगवार ने कहा कि देहात क्षेत्रों के दौरों के दौरान भी उनके साथ कम से कम वाहन रहेंगे। सरकारी और निजी स्तर पर सभी लोग थोड़ी-थोड़ी बचत करें तो इसका बड़ा प्रभाव देश की अर्थव्यवस्था और पर्यावरण दोनों पर पड़ेगा। अधिकारियों एवं आम जनता की समस्याओं को सुनने के लिए वर्चुअल बैठकों की व्यवस्था भी लागू की जाएगी।
इधर, बीसलपुर विधायक विवेक वर्मा का कहना है कि वह पहले से ही तेल की बचत कर रहे हैं। पूरनपुर विधायक बाबूराम पासवान का कहना है कि वह एक ही गाड़ी से चलते हैं। अन्य कोई गाड़ी अपने साथ लेकर नहीं चलते हैं।
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अब सभी बैठकें वर्चुअल तरीके से की जाएंगी : पुलिस अधीक्षक
पीलीभीत के पुलिस अधीक्षक सुर्कीति कुमार माधव ने बताया कि ईंधन की बचत करने के लिए अब सभी बैठकें वर्चुअल तरीके से आयोजित की जाएंगी। किसी को अनावश्यक रूप से मुख्यालय आना नहीं पड़ेगा। सभी सीओ, इंस्पेक्टरों को निर्देश जारी कर दिए हैं। साथ यह भी कहा गया है कि चौकी-थाना क्षेत्रों में लोगों की समस्याओं का घर के पास निस्तारण करें ताकि किसी को मुख्यालय आना न पड़े।

डीएम ने भी अधीनस्थों को दिए निर्देश
डीएम ने भी अपनी फ्लीट से वाहनों की संख्या को कम कर दिया है। उन्होंने अधीनस्थों को कलक्ट्रेट, विकास भवन समेत अन्य दफ्तरों से पैदल ही आने-जाने के लिए निर्देशित किया है। संवाद
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