पीलीभीत। सैलानियों से गुलजार रहने वाला पीलीभीत टाइगर रिजर्व का चूका बीच में शुक्रवार को पूरे दिन सन्नाटा पसरा रहा। सैलानियों को सैर कराने वाले वाहन भी खड़े रहे। बढ़ते कोरोना संक्रमण के कारण पीटीआर प्रशासन ने ऑफलाइन बुकिंग कराने वालों को चूका बीच जाने पर रोक लगा दी है। हालांकि ऑनलाइन बुकिंग कराने वाले सैलानियों को प्रवेश दिया जाएगा। शुक्रवार को कोई ऑनलाइन बुकिंग न होने से चूका बीच में पूरे दिन सूना पड़ा रहा।
पीलीभीत टाइगर रिजर्व की महोफ रेंज में बना इको टूरिज्म स्पॉट चूका बीच देश ही नहीं बल्कि विदेशी सैलानियों के भी आकर्षण का केंद्र बन चुका है। मगर, बढ़ते कोरोना संक्रमण ने पीटीआर के पर्यटन सत्र को अपनी जद में ले लिया है। पिछले साल भी लॉकडाउन के चलते पर्यटन सत्र को ढाई माह पहले बंद करना पड़ा था। पीटीआर का सत्र एक नवंबर से शुरू हुआ था। पिछले पर्यटन सत्र की अपेक्षा इस बार सैलानियों की संख्या खासी बढ़ी। यह दीगर बात है कि कोरोना के चलते इस बार मात्र दो विदेशी सैलानी ही पहुंच सके। इधर, बढ़ते कोरोना संक्रमण को लेकर उच्चाधिकारियों के निर्देश पीटीआर में सैर सपाटे को शुक्रवार से ऑफलाइन बुकिंग पर रोक लगा दी गई। अब सिर्फ ऑनलाइन बुकिंग कराने वाले सैलानियों को भी पीटीआर में जाने से इजाजत दी जा रही है। शुक्रवार को ऑफलाइन बुकिंग न होने से पीटीआर में सैर सपाटा करने की सोच रहे सैलानियों को मायूसी हाथ लगी। इससे चूका बीच पर दिनभर सन्नाटा पसरा रहा। शुक्रवार को कोई ऑनलाइन बुकिंग न होने से एक भी सैलानी चूका बीच नहीं पहुंचा। अफसरों के मुताबिक वन निगम द्वारा ऑनलाइन बुकिंग पर भी जल्द ही रोक लग सकती है।
इस महीने पहुंचे 1137 सैलानी
पीटीआर के मुताबिक पहली अप्रैल से 10 अप्रैल तक 928 सैलानी चूका बीच पहुंचे थे। वहीं 11 से लेकर 15 अप्रैल तक मात्र 209 सैलानी ही पहुंचे। ऑनलाइन बुकिंग की बात करें तो अब पीटीआर के पास इस माह मात्र दो एडवांस ऑनलाइन बुकिंग है। जबकि मई के लिए अभी तक किसी ने ऑनलाइन बुकिंग नहीं कराई है।
कोरोना संक्रमण को देखते हुए उच्चाधिकारियों के निर्देश पर ऑफलाइन बुकिंग पर रोक लगा दी गई है। केवल ऑनलाइन बुकिंग कराने वाले पर्यटकों को जाने की इजाजत दी गई है।
- नवीन खंडेलवाल, डिप्टी डायरेक्टर, पीलीभीत टाइगर रिजर्व