जहानाबाद। गांव कनाकोर के सिद्ध बाबा मंदिर में रहने वाले पुजारी छेदा दास उर्फ हीरालाल (58) का शव संदिग्ध हालात में मंदिर के कमरे में मिला। शव कई दिन पुराना था और दरवाजा अंदर से बंद होने की वजह से किसी को इसकी जानकारी नहीं हो सकी। सोमवार सुबह बदबू आने पर लोगों को शक हुआ तो कमरे से पुजारी का शव मिला। सूचना मिलने पर जहानाबाद पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू की।
जहानाबाद क्षेत्र के गांव मीरपुर निवासी छेदा दास उर्फ हीरालाल करीब नौ साल पूर्व से कनाकोर गांव के सिद्ध बाबा मंदिर में रहकर पूजा-पाठ और देखभाल का कार्य कर रहे थे। वह मंदिर परिसर में बने एक कमरे में अकेले रहते थे। ग्रामीणों के अनुसार, पिछले कई दिनों से उन्हें मंदिर के आसपास नहीं देखा गया। सोमवार सुबह जब कुछ लोग मंदिर पहुंचे तो कमरे की ओर से बदबू महसूस हुई। शक होने पर जब लोग कमरे के नजदीक पहुंचे तो दरवाजा अंदर से बंद था। सूचना पुलिस को दी गई। पुलिस की मौजूदगी में दरवाजा तोड़ा गया तो देखा कि पुजारी का शव चरपाई पर मच्छरदानी के अंदर पड़ा मिला।
शव की हालत देख प्रतीत हुआ कि मौत करीब छह दिन पूर्व ही हो चुकी थी। थाना प्रभारी प्रदीप कुमार विश्नोई ने बताया कि प्रारंभिक तौर पर मौत के कारण स्पष्ट नहीं हो सका है। पोस्टमाॅर्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के कारणों का पता चल सकेगा। घटना को लेकर किसी प्रकार का कोई आरोप नहीं लगाया जा रहा है।