पीलीभीत। जिले की सभी सीएचसी और महिला अस्पताल में प्रतिमाह चार दिन लगने वाले मातृत्व जांच शिविर में गर्भवती महिलाओं को आधी-अधूरी जांच की सुविधा ही मिल रही है। कई सीएचसी पर महिलाओं का अल्ट्रासाउंड ही नहीं पाता। महिला अस्पताल में भी शिविर के दिन अल्ट्रासाउंड की सुविधा नहीं मिलती। विभाग से संबद्ध निजी अल्ट्रासाउंड सेंटरों पर भी महिलाओं को भटकना पड़ता है। मंगलवार को महिला अस्पताल और कई सीएचसी के मातृत्व जांच शिविर में पहुंची महिलाओं ने अपनी समस्याएं बताईं।
जिला महिला अस्पताल में मंगलवार को प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान के तहत शिविर लगाया गया। ओपीडी व लैब के बाहर गर्भवती महिलाएं घंटों तक परेशान रहीं। अल्ट्रासाउंड के लिए नियत तिथि होने के बावजूद सोनोग्राफर की ड्यूटी पूरनपुर में थी। अल्ट्रासाउंड कक्ष का गेट बंद रहा। महिलाओं ने बताया कि चिकित्सक ने जांच में तो अल्ट्रासाउंड लिखा है, लेकिन आज नहीं हो रहा है।
हर माह में चार तिथियां, लेकिन सोनोग्राफर की दिक्कत
प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान के तहत अल्ट्रासाउंड जांच महत्वपूर्ण होती है। हर माह इसकी नियत तिथि 1,9,16 व 24 है। हाल यह है कि गर्भवती महिलाओं की मुख्यालय पर ही अल्ट्रासाउंड जांच नहीं हो पाती। आकांक्षी ब्लॉक व मुख्यालय में सिर्फ एक सोनोग्राफर तैनात होने से यह समस्या बनी है।
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परामर्श तो मिल गया है। ब्लड से संबंधित जांच के लिए सैंपल भी दिया है, लेकिन अल्ट्रासाउंड के लिए अप्रैल की तारीख मिली है।
- निशा
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परामर्श मिला है, लेकिन जांचे अभी नहीं हुई हैं। बताया गया है कि अल्ट्रासाउंड के लिए अभी तारीख मिलेगी।
- मीरा
नियमित अल्ट्रासाउंड के लिए थोड़ी समस्या रहती है, लेकिन पर्ची व्यवस्था लागू कर दी गई है। महिलाएं निजी केंद्र पर जाकर भी अल्ट्रासाउंड करा सकती है। - डॉ. राजेश कुमार, अधीक्षक जिला महिला अस्पताल
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बरखेड़ा सीएचसी पर भी हावी अव्यवस्थाएं
बरखेड़ा। अल्ट्रासाउंड करने वाले चिकित्सक के न होने की वजह से मंगलवार को कक्ष में ताला लगा रहा। गर्भवती महिलाओं को बाद में आने के लिए कहा गया। मजबूरी में महिलाओं को बिना अल्ट्रासाउंड जांच के वापस जाना पड़ा। चिकित्सक डॉ. मनीषा चौरसिया ने बताया कि आज अल्ट्रासाउंड की जांच के लिए टोकन दिए गए हैं। सभी गर्भवती महिलाओं के खून व अन्य जांच कर दवा दी गई। प्रभारी डॉ. लोकेश गंगवार ने बताया कि अल्ट्रासाउंड जांच कर रहे चिकित्सक छुट्टी पर जाने की वजह से गर्भवती महिलाओं को क्यूआर कोड जनरेट कर दिया जा रहा है। विभाग से संबद्ध सेंटर पर सभी गर्भवती महिलाओं की निशुल्क अल्ट्रासाउंड की जांच की सुविधा मिलेगी। संवाद
अल्ट्रासाउंड रिपोर्ट के बिना दवा दे दी गई। अल्ट्रासाउंड के लिए दोबारा बुलाया है। बार बार अस्पताल आने जाने में काफी दिक्कत होती है। - लक्ष्मी देवी, गांव मूड़ा सेमनगर
बीस किलोमीटर दूर से अपनी जांच कराने आईं हूं। अल्ट्रासाउंड को लिखा, लेकिन सीएचसी में नहीं हो पाया। कहा गया कि मोबाइल पर ओटीपी आने पर दोबारा अस्पताल आकर अल्ट्रासाउंड कराना। - चंद्रकली, गौव बकैनिया ताल्लुका महद खास
लक्ष्मी देवी