राज्यस्तरीय स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार के लिए हुआ चयन
प्रदेश के 15 विद्यालयों का किया गया चयन
बेसिक शिक्षा परिषद द्वारा संचालित पूर्व माध्यमिक विद्यालय बरहा का चयन राज्यस्तरीय स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार के लिए किया गया है। राज्यस्तरीय पुरस्कार के लिए प्रदेश भर के 15 विद्यालयों का चयन किया गया है। राज्य स्तर पर चयनित विद्यालय राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिभाग करेंगे।
परिषदीय स्कूलों का नाम सामने आते ही मस्तिष्क में टूटा फूटा भवन, उखड़ी फर्श आदि का ख्याल आना स्वाभाविक है, लेकिन बेसिक शिक्षा परिषद द्वारा जिले में संचालित किए जा रहे कुछ परिषदीय स्कूल ऐसे हैं जो अन्य विद्यालयों के नजीर साबित हो रहे हैं। शहर से सटी ग्राम पंचायत बरहा का पूर्व माध्यमिक विद्यालय उनमें से एक है। वर्ष 2015 में प्राथमिक विद्यालय बरहा व कैंच को माडल स्कूल का दर्जा देकर अंग्रेजी माध्यम से शिक्षण कार्य शुरू किया गया। प्राथमिक विद्यालय बरहा के कैंपस में ही पूर्व माध्यमिक विद्यालय भी है। हालांकि इस स्कूल को कोई विशेष दर्जा नहीं मिला, लेकिन महकमे व शिक्षकों के प्रयास ने इस साधारण से स्कूल की तस्वीर ही बदल दी। इस विद्यालय की शैक्षिक गुणवत्ता, साफ सफाई, बच्चों की उपस्थिति अन्य विद्यालयों से कहीं बेहतर है।
मानव संसाधन विकास मंत्रालय द्वारा वर्ष 2015 से स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार योजना शुरू की गई थी। विद्यालयों में छात्र छात्राओं मेें स्वच्छता, पेयजल की शुद्धता व स्वास्थ्यप्रद आदतों के विकास आदि के उद्देश्य को लेकर इस पुरस्कार की शुरुआत की गई। वर्ष 2016-17 में प्राथमिक स्कूल बरहा, प्राथमिक स्कूल कैंच व पूर्व माध्यमिक विद्यालय बरहा का जिला स्तर पर चयन किया था। जिलास्तर पर चयनित इन तीन विद्यालयों को तत्कालीन डीएम द्वारा प्रमाणपत्र दिए गए। सर्व शिक्षा अभियान के जिला समन्वयक राकेश पटेल ने बताया कि स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार योजना के तहत जिला स्तर पर चयनित इन तीनों विद्यालयों द्वारा राज्य स्तर पर प्रतिभाग करने को आवेदन किया गया। जिसमें पूर्व माध्यमिक विद्यालय बरहा का चयन राज्य स्तरीय स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार में किया गया है। राज्यस्तरीय स्वच्छ विद्यालय पुरस्कार में प्रदेश भर के 15 विद्यालयों का चयन किया गया है। राज्य स्तर पर चयनित विद्यालय राष्ट्रीय स्तर पर प्रतिभाग करेंगे। इधर राज्य परियोजना कार्यालय के निदेशक राजकुमारी वर्मा ने बीएसए को पत्र भेजकर चयनित विद्यालय के सर्वोत्तम/अभिनव व्यवहार का आडियो वीडियो भेजने के आदेश दिए हैं। यह वीडियो मानव संसाधन विकास मंत्रालय में दस अगस्त को प्रस्तुत किया जाएगा। इस संबंध में बीएसए डॉ. इंद्रजीत प्रजापति ने बताया कि पूर्व माध्यमिक विद्यालय बरहा का चयन राज्य स्तर पर किया गया है। इसमें महकमे के अलावा स्कूल के शिक्षकों का सहयोग सराहनीय रहा है। अन्य विद्यालयों को भी इस विद्यालय से सीख लेनी चाहिए।