प्रेस वार्ता को संबोधित करते ऑल इंडिया सिख पंजाबी वेलफेयर काउंसिल के राष्ट्रीय अध्यक्ष हरपाल सि
पूरनपुर। ऑल इंडिया सिख पंजाबी वेलफेयर काउंसिल के राष्ट्रीय अध्यक्ष हरपाल सिंह जग्गी ने धर्मांतरण रोक पर चर्चा करते हुए कहा कि अंधविश्वास, प्रलोभन आदि का लालच देकर साजिशन कराए गए धर्म परिवर्तन पर आठ सौ लोगों की घर वापसी कराई गई।
अब इन परिवारों को शिक्षा, रोजगार की मुख्य धारा से जोड़ते हुए राय सिख को अनुसूचित जाति का दर्जा मिलना चाहिए। जाट सिखों को ओबीसी प्रमाणपत्र दिलाने के लिए संस्था विधिक लड़ाई लड़ रही है।
शनिवार को नगर के गुरुद्वारा श्री सिंह सभा में राष्ट्रीय अध्यक्ष ने प्रेसवार्ता की। इस दौरान उन्होंने कहा कि नेपाल बार्डर क्षेत्र में शिक्षा, चिकित्सा आदि की व्यवस्थाओं के प्रयास शुरू किए हैं। घोषित सभी योजनाओं को तेजी से धरातल पर उतारा जाए।
जंगली जानवरों के हमलों के कारण पशुओं और कई स्थानों पर जनहानि भी हुई है। इस पर सरकार का विशेष ध्यान देना चाहिए। उन्होंने बताया कि पूरनपुर तहसील क्षेत्र की 12 ग्राम पंचायतों के तीन हजार लोगों का धर्मांतरण कराया था। इसमें से आठ सौ से अधिक लोगों की घर वापसी कराई जा चुकी है। जिलाध्यक्ष परमजीत सिंह ने कहा कि कई परिवारों ने स्वेच्छा से घर वापसी की है। उनके दीर्घकालीन पुनर्वास, शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार की सुविधाएं मजबूत होना आवश्यक है।
प्रेसवार्ता के दौरान गुरुद्वारा श्री सिंह सभा के प्रधान रणजीत सिंह, बलजीत सिंह खैरा, नानकमता कमेटी के सदस्य सुखदेव सिंंह, गांव बैल्हा नानकनगरी गुरुद्वारा के प्रधान गुरदयाल सिंह, जिंदर सिंह, सतनाम सिंह, अमरीक सिंह आदि भी मौजूद रहे।