पीलीभीत। अस्थायी जेल में कोरोना मरीजों के लिए लगाई गई ड्यूटी में लापरवाही बरतने पर चीफ फार्मासिस्ट को सीएमओ ने निलंबित कर दिया है। इससे अन्य स्वास्थ्य कर्मियों में हड़कंप मच गया है।
कोरोना संक्रमण फैलने के बाद स्वास्थ्य कर्मियों की विभिन्न स्थानों पर कोविड में ड्यूटी लगाई गई। न्यूरिया सीएचसी पर कार्यरत चीफ फार्मासिस्ट गोविंदलाल विश्वकर्मा की सेंट अलॉयसियस कॉलेज में बनी अस्थायी जेल में 24 अप्रैल से कोरोना मरीजों के इलाज की ड्यूटी लगाई गई थी। लेकिन चीफ फार्मासिस्ट कभी ड्यूटी आते थे तो कभी नहीं आते थे। वह बिना बताए ही ड्यूटी से गायब रहते थे। जेल अधीक्षक अनूप मानव शास्त्री ने उनके ड्यूटी से अनुपस्थित रहने पर सीएमओ को पत्र भेजकर जानकारी दी। इसके बाद सीएमओ ने नोटिस भेजकर चीफ फार्मासिस्ट से स्पष्टीकरण मांगा था। लेकिन उन्होंने नोटिस का कोई जवाब नहीं दिया। इस पर सीएमओ ने चीफ फार्मासिस्ट को लापरवाही बरतने के आरोप में निलंबित कर दिया।