मुख्य सचिव आलोक रंजन ने वीडियो कांफ्रेंस कर धान खरीद की समीक्षा की। इस
दौरान चावल उतार की समस्या बताने पर उन्होंने तीन दिन में जिले में 150
ट्रक चावल प्रति दिन उतार की व्यवस्था कराने का निर्देश एफसीआई के जीएम
डीएस चौहान को दिए।
साथ जिन एजेंसियों पर भुगतान के लिए पर्याप्त धन नहीं
है उन्हें धन उपलब्ध कराने को कहा। उन्होंने लक्ष्य हासिल करने को खरीद में
तेजी लाने के निर्देश दिए।
गुरुवार को हुई धान खरीद समीक्षा में डीएम
मासूम अली सरवर ने उन्हें बताया कि जिले में 4.50 लाख मीट्रिक टन धान
उत्पादन हुआ है इसमें 1.5 लाख मीट्रिक टन मंडी समितियों एवं 1.2 मीट्रिक टन
धान सरकारी क्रय केंद्रों के माध्यम से खरीद जा चुका है जो खरीद लक्ष्य का
40 प्रतिशत है।
डीएम ने मुख्य सचिव को बताया कि जिले में 4800 किसानों से
धान खरीदा गया है जिसमें 4500 किसानों को भुगतान करा दिया गया है। शेष 300
किसानों के भुगतान क्रय एजेंसी यूपीएसएस व यूपी एग्रो के पास धनराशि का
अभाव है।
इस पर मुख्य सचिव ने दोनों संस्थाओं के एमडी से तुरंत धनराशि
उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। चावल उतार काफी धीमा होने की जानकारी पर
मुख्य सचिव ने जिले में प्रतिदिन 150 ट्रक चावल उतार की व्यवस्था करने के
निर्देेश समीक्षा में मौजूद एफसीआई के एमडी डीएस चौहान को दिए।
समीक्षा में
डीएम के अलावा एडीएम अजयकांत सैनी, डिप्टी आरएमओ संजय कुमार यादव, एआर
पीके भटनागर, मंडी सचिव मनीष सिंह, एके अवस्थी, राजेश कुमार व सभी
एजेंसियों के जिला प्रबंधक मौजूद रहे।
खरीद कम होने पर 15 केंद्र प्रभारियों को नोटिस
पीलीभीत।
मुख्य सचिव की समीक्षा के बाद वीडियो कांफ्रेंस हाल में ही जिला खरीद
प्रभारी एडीएम अजयकांत सैनी ने जिले की समीक्षा की। इसमें आठ क्रय
एजेंसियों के 15 केंद्र प्रभारियों को लक्ष्य से काफी कम खरीद करने पर
नोटिस जारी किया है। खरीद में तेजी न लाने पर सभी के खिलाफ कार्रवाई की
चेतावनी भी दी गई है।
इनको मिला नोटिस
नाकाफ-खांडेपुर,
भायपुर, नरायनपुर, कर्मचारी कल्याण निगम-गोपालपुर, यूपी एग्रो-पंसडी,
एफसीआई-ईसानगर, पाडार, कीरतपुर, एनसीसीएफ-पूरनपुर मंडी, आरएफसी-पूरनपुर
मंडी, यूपीएसएस न्यूरिया व रघुनाथपुर, पीसीएफ-ककरौआ, कलीनगर व कल्यानपुर।