फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

ओवरब्रिज निर्माण में  रुकावट बन रहे पेड़

Sat, 11 Jun 2016 10:44 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, पीलीभीत
विज्ञापन
विज्ञापन
नौगवां रेलवे क्रासिंग पर बन रहे ओवरब्रिज के निर्माण में पटरी की दूसरी ओर खड़े पेड़ बाधा बना हुए हैं। लापरवाही के चलते नौ माह बाद भी पर्यावरण मंत्रालय से इसकी एनओसी हासिल नहीं की जा सकी है।
विज्ञापन

नौगवां रेलवे क्रासिंग पर जाम की समस्या से निजात दिलाने के लिए इस पर ओवरब्रिज बनाने की स्वीकृति मिली थी। नवंबर में इसका शुभारंभ किया गया था। प्रारंभ से ही बिजली और वनविभाग इसके निर्माण में रोडा बना हुए हैं। रेल पटरी के दक्षिण की ओर काम शुरू होने पर बिजली के पोल और लाइनें बीच में आ गईं, जिसे हटवाने को डीएम तक को हस्तक्षेप करना पड़ा। इससे रेल पटरी के एक ओर का काम काफी तेज से हुआ और वर्तमान में एक ओर बनने वाले 11 पिलर के साथ ही इस पर लिंटर का काम भी चल रहा है। वहीं रेल पटरी के उत्तर की ओर डिग्री कॉलेज चौराहे के निकट तक सड़क के दोनों ओर खड़े पेड़ों के कारण काम शुरू नहीं हो पा रहा है। दरअसल, इस ओर निर्माण शुरू होने से मुख्य मार्ग बंद हो जाएगा और यातायात संचालन के लिए वर्तमान सड़क के दोनों ओर सर्विस रोड बननी है। सेतु निगम ने इसका नक्शा स्वीकृत होने के साथ ही वन विभाग से इन पेड़ों के काटने की अनुमति मांगी थी, लेकिन विभागीय लापरवाही के चलते वन विभाग से पर्यावरण मंत्रालय को भेजी गई फाइल तीन बार वापस लौट चुकी हैं। काम शुरू होने के आठ माह बाद भी एनओसी न मिलने से रेल पटरी के दूसरी ओर का काम शुरू नहीं हो पा रहा है, जिससे निर्धारित समय पर ओवरब्रिज का काम पूरा होना मुश्किल हो रहा है। इस बावत जानकारी करने पर सामाजिक वानिकी के डीएफओ आदर्श कुमार ने बताया कि पेड़ काटने की एनओसी पर्यावरण मंत्रालय से मिलनी है। इसके लिए विभाग से पत्रावली तैयार कर भेजी जा चुकी है। 


तेज गति से चल रहा  
रेल विभाग का काम
ओवरब्रिज निर्माण में रेल लाइन क्षेत्र में आने वाले भाग का निर्माण रेलवे द्वारा कराया जा रहा है। इसके लिए रेल लाइन के दोनों ओर पिलर का काम पूरा कर उस पर लिंटर का बेस बनाया जा रहा है। उम्मीद की जा रही है कि अगले एक माह में रेलवे के हिस्से का निर्माण कार्य पूरा हो जाएगा।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें