जिला पंचायत के चुनाव में नौ निवर्तमान सदस्यों ने भाग्य आजमाया था। इसमें सिर्फ जिला पंचायत अध्यक्ष और स्वतंत्र प्रभार मंत्री हाजी रियाज अहमद की पुत्री रुकैइया ही वापसी कर सकी। शेष आठ सदस्य चुनाव हार गए। वहीं कुछ की पत्नी और कुछ के पति चुनाव जीते हैं।
जिला पंचायत के बीते सत्र में 29 सदस्य थे, जिसमें रुकैइया आरिफ जिलाध्यक्ष थीं। 2015 के चुनाव में इनमें से रुकैइया के अलावा आठ सदस्यों क्रमश: मोहम्मद मियां छोटे, संजय विश्वास, किरनलता, गायत्री गंगवार, मोहम्मदी बेगम, गयासुद्दीन, अकरम वेग, एकता शास्त्री व इंद्रजीत ने भाग्य आजमाया जबकि धर्मेश गंगवार ने पत्नी और किरन सोनकर ने पति को चुनाव लड़ाया था। सोमवार को घोषित हुए चुनाव परिणामों में सिर्फ वार्ड 20 से चुनाव लड़ी रुकैया आरिफ ही चुनाव जीत सकीं। वहीं धर्मेश की पत्नी भी विजयी रहीं। यदि निवर्तमान सदस्यों की बात करें तो रुकैइया के अलावा सभी सदस्य चुनाव हार गए। अब जिला पंचायत के सदन में केवल रुकैइया आरिफ ही एक मात्र ऐसी सदस्य होगी जो दुबारा दिखेंगी।
इन प्रत्याशियों को मिली शिकस्त
मोहम्मद मियां
किरनलता
गायत्री गंगवार
मोहम्मदी बेगम
गयासुद्दीन
अकरम वेग
संजय विश्वास
एकता शास्त्री
इंद्रजीत
इन दिग्गजों की भी मिली हार
नाम पहचान
मोहम्मद आरिफ मंत्री रियाज अहमद के दामाद
जहांगीर मंत्री रियाज अहमद के भाई
फरियाद मंत्री रियाज अहमद के भाई
गुरदयाल सिंह पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष
प्रिंयका गंगवार ब्लाक प्रमुख तारावती की पुत्रवधू
ज्ञानेंद्र ज्ञानी ब्लाक प्रमुख बरखेड़ा