पीलीभीत। डिपो को आठ नई बसें मिलने के बाद भी स्थानीय मार्गाें के यात्रियों की मुश्किलें कम नहीं हो सकीं है। यात्रियों को मजबूरी में डग्गामार वाहनों का सहारा लेना पड़ रहा है। यही वजह है कि स्थानीय मार्गाें पर डग्गामार वाहन फर्राटा भर रहे हैं। डिपो के राजस्व को भी चूना लग रहा है, लेकिन जिम्मेदार बेपरवाह हैं।
स्थानीय डिपो से 112 बसों का संचालन दिल्ली, आगरा, लखनऊ, हरिद्वार, रूद्रपुर, वाराणसी समेत अन्य बड़े शहरों के लिए हो रहा है। कुछ दिन पूर्व डिपो को आठ नई बसें मिली हैं।
इससे स्थानीय मार्गाें पर बेहतर परिवहन सेवाओं की उम्मीद जगी थी। चार दिन बीत जाने के बाद भी विभागीय स्तर से स्थानीय मार्गाें पर बसों के संचालन की रूपरेखा तैयार नहीं हो सकी है।
बीसलपुर मार्ग पर अभी सिर्फ चार बसों का संचालन किया जा रहा है। वहीं, पूरनपुर मार्ग पर छह बसों का संचालन किया जा रहा है। इसके अलावा अमरिया मार्ग पर एक भी बस संचालन नहीं हो सका।
इससे इन मार्गों पर यात्रियों को डग्गामार वाहनों का सहारा लेना पड़ रहा है। इसके बाद भी जिम्मेदार बेखबर हैं। एआरएम पवन कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि स्थानीय मार्गाें पर बसों के संचालन की रणनीति बनाई जा रही है। जल्द ही इन पर अतिरिक्त बसों का संचालन कराया जाएगा।