नावकूड़ गांव की सीमा से होकर देवहा नदी गुजरती है। बारिश के बाद जलस्तर बढ़ने से नदी का बहाव तेज हुआ तो किनारों पर कटान भी शुरू हो गया। रविवार को नदी लगातार गांव की सीमा में जमीन काटती रही। धीरे-धीरे कटान आबादी की ओर बढ़ रहा है। ग्रामीणों के मुताबिक करीब 10 मकान इसकी जद में आ चुके हैं। इनमें से एक मकान का कुछ हिस्सा कटकर नदी में चला गया। इससे आसपास रहने वाले परिवारों में दहशत है।
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बचाव कार्य शुरू, ग्रामीण बोले- स्थायी इंतजाम जरूरी
ग्रामीणों के अनुसार, पिछले दिनों भी जलस्तर बढ़ने पर बाढ़ खंड की ओर से कटान रोकने के लिए कट्टे लगाए गए थे। तेज बहाव के कारण ये बचाव इंतजाम प्रभावी नहीं हो सके। अब दोबारा कटान बढ़ने पर विभाग ने बचाव कार्य शुरू किया है। ग्रामीणों का कहना है कि मौजूदा काम से तत्काल राहत मिल सकती है, लेकिन इससे समस्या का स्थायी समाधान नहीं होगा। उन्होंने बारिश का मौसम खत्म होने के बाद नदी किनारे पत्थर की ठोकर और मजबूत सुरक्षा व्यवस्था कराने की मांग की है, ताकि भविष्य में नदी का बहाव आबादी की ओर न मुड़े।