नौगवां ओवरब्रिज निर्माण में आड़े आ रहे बिजली के पोल और लाइनों को हटाने के लिए सेतु निगम ने 37 लाख रुपये बिजली विभाग को उपलब्ध करा दिए हैं। पैसे मिलने के बावजूद बिजली विभाग काम नहीं शुरू कर रहा है। जिससे ओवरब्रिज का काम भी बीच में अटका है। वहीं, बिजली विभाग के अधिकारियों का कहना है कि संशोधित बजट दिया गया था, उसका आधा ही पैसा मिल सका है।
नौगवां रेलवे क्रॉसिंग पर ओवरब्रिज निर्माण के लिए सेतु निगम ने करीब एक साल पहले बिजली विभाग से पोल, तार और ट्रांसफार्मर आदि हटाने को स्टीमेट मांग था। इस पर बिजली विभाग ने 40 लाख के बजट का प्रस्ताव सौंपा था। ओवरब्रिज का निर्माण स्वीकृत होने और इस पर काम शुरू करने को कहा गया, इसपर बिजली विभाग ने महंगाई का हवाला देते हुए बजट में 30 लाख की बढ़ोत्तरी कर संशोधित बजट भेजा था। सेतु निगम के अधिकारियों ने इसे भी मुख्यालय भेज दिया। इस बीच सेतु निगम ने पूर्व में भेजे गए 40 लाख के बजट के सापेक्ष बिजली विभाग को 37.68 लाख रुपये जारी कर दिए हैं, जबकि शेष धनराशि भेजने को कार्रवाई चल रही है। वहीं, बजट मिलने के बाद भी बिजली विभाग ने अभी पोल हटाने का काम शुरू नहीं किया है। अधिशासी अभियंता लोकेंद्र बहादुर सिंह ने बताया कि मांगे गए बजट से लगभग आधी धनराशि मिली है। फिर भी जल्द काम शुरू कराया जाएगा।
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आ रही है ओवरब्रिज बनाने में रुकावट
बिजली के पोल न हटने से ओवरब्रिज के निर्माण कार्य में रुकावट आ रही है। ओवरब्रिज के लिए अब तक छह पिलर के बेस बन चुके हैं। ज्यों-ज्यों पिलर के बेस बनाने का काम बढ़ रहा है, त्यों त्यों ट्रैफिक का दबाव साइड में बनाए गए अस्थाई मार्ग पर पड़ रहा। पोल और ट्रांसफार्मर इन मार्गों के बीच में आने के कारण दिक्कत बढ़ रही है। जल्द पोल न हटने पर ओवरब्रिज का काम भी अटक जाएगा।