केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री मेनका गांधी के प्रयासों से जिले में 50 मॉडल आंगनबाड़ी केंद्रों को स्वीकृति मिली थी। वेदांता फाउंडेशन की ओर से बनने वाले मॉडल आंगनबाड़ी केंद्रों में 16 पर काम शुरू हो चुका है।
महाराष्ट्र और राजस्थान के नंदगांव की तर्ज पर वेदांता फाउंडेशन की ओर से देशभर के 11 प्रदेश में 4000 मॉडल आंगनबाड़ी केंद्रों का निर्माण किया जाना है। केंद्रीय मंत्री मेनका गांधी की पहल पर बनने वाले इन केंद्रों में 50 केंद्र पीलीभीत जिले में बनाने को स्वीकृति मिली थी। इन मॉडल आंगनबाड़ी केंद्रों में सोलर पैनल, पार्क, झूले, पेयजल के लिए आरओ, आधुनिक क्लासरूम, स्वच्छ शौचालय एवं रसोईघर आदि बनाया जाएगा। करीब तीन माह पूर्व वेदांता फाउंडेशन के प्रतिनिधि खुर्रम नायाब ने पीलीभीत पहुंचकर डीएम मासूम अली एवं बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग के जिला कार्यक्रम अधिकारी राजपूर से भेंट कर प्रस्तावित केंद्रों के लिए जमीन मांगी थी। इसके बाद जिला प्रशासन ने सभी ब्लाक और तहसील प्रशासन के माध्यम से ग्राम पंचायतों में जमीन के प्रस्ताव मांगे थे। इनमें 16 गांव की जमीनों के प्रस्ताव पास होने पर वेदांता फाउंडेशन ने काम शुरू कर दिया है। इसके लिए फाउंडेशन के अभियंता प्रीतम कुमार टीम के साथ जिले में कैंप कर रहे हैं। रविवार को उन्होंने विभाग के सुनील कुमार, चंद्रप्रकाश आदि के साथ जोगीठेर एवं रम्पुरा नत्थू में बन रहे मॉडल आंगनबाड़ी केंद्र का निरीक्षण किया। अभियंता ने बताया कि 16 ग्राम पंचायतों में जमीन के प्रस्ताव पास होने पर सूची मिली है जिन पर काम शुरू करा दिया गया है। इस बावत जानकारी करने पर डीपीओ राजकपूर ने बताया कि शेष 34 केंद्रों के लिए जमीनों का चयन किया जा रहा है। जल्द सभी गांव की सूची फाउंडेशन को उपलब्ध करा दी जाएगी।