पीलीभीत। कॉलेज गई एक किशोरी का अपहरण कर दुष्कर्म करने के दोषी को अदालत ने दस साल के कारावास की सजा सुनाई है। अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट त्रिभुवन नाथ पासवान ने दोषी पर 30 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है। यह घटना फरवरी 2019 में हुई थी जब किशोरी को उत्तराखंड के रुद्रपुर ले जाकर बंधक बनाया गया था।
अभियोजन के अनुसार, सुनगढ़ी थाना क्षेत्र के एक व्यक्ति ने तीन फरवरी 2019 को पुलिस को तहरीर दी थी। उसने बताया कि उसकी बेटी दो फरवरी को कॉलेज गई थी और शाम तक घर नहीं लौटी। परिजन ने रातभर उसकी तलाश की, लेकिन कोई जानकारी नहीं मिली। इसके बाद पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर मामले की विवेचना शुरू की। विवेचना के दौरान सुनगढ़ी क्षेत्र के पप्पू का नाम सामने आया। आरोप था कि पप्पू किशोरी को बहलाकर अपने साथ ले गया था। उसने किशोरी को उत्तराखंड के रुद्रपुर में बंधक बनाकर रखा और दुष्कर्म किया।
किशोरी के बयान और विवेचना में सामने आए तथ्यों के आधार पर पुलिस ने मुकदमे में पॉक्सो एक्ट सहित अन्य संबंधित धाराएं बढ़ाईं। विवेचना पूरी होने के बाद आरोपी के खिलाफ आरोपपत्र न्यायालय में दाखिल किया गया। मामले की सुनवाई के दौरान अभियोजन और बचाव पक्ष की दलीलें सुनी गईं। अदालत ने पत्रावली पर उपलब्ध साक्ष्यों का अवलोकन किया। साक्ष्यों के आधार पर आरोपी को दोषी ठहराया गया और सजा सुनाई गई।