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पूरी रात ‘सरकार की आमद मरहबा’ से गूंजा शहर

Mon, 05 Jan 2015 12:32 AM IST
ब्यूरो, अमर उजाला पीलीभीत
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मोहल्ला पंजाबियान में बनी बैरीकेडिंग तोड़ने की आशंका पर पुलिस हलकान रही। विवाद की आशंका को देखते हुए प्रशासन ने जुलूस का न सिर्फ रूट बदल दिया, बल्कि मौलाना हसन मियां कदीरी पक्ष के लोगों की घेराबंदी कर उन्हें जुलूस में शामिल नहीं होने दिया। सब कुछ ठीक-ठाक निपट जाने के बाद ही प्रशासन ने राहत की सांस ली।
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आस्तान-ए-हशमतिया पर जुलूस के लिए एकत्र लोगों के बीच शनिवार रात करीब 10.30 बजे शहर मुफ्ती मौलाना मासूम रज़ा आस्तान-ए-हशमतिया के सज्जादा नशीन मौ. जरताफ रजा, मौलाना इदरीश रजा, मेहरान रजा, फरहान रजा, बुरहानरजा व रियाजुल हसन के साथ पहुंचे तो ‘नारे तकबीर, अल्लाहो अकबर,’ व ‘सरकार की आमद मरहबा’ के नारों से उनका इस्तकबाल किया गया। शहर मुफ्ती ने नबी की शान को बयां करने के साथ कौम के लोगों को उनकी पैदाइश का जश्न मिल्लत के साथ मनाने, हर तरह के विवाद से दूर रहने की सलाह देने के साथ मो. ज़रताफ रजा की कयादत में जुलूस को पौने ग्यारह बजे आगे के लिए रवाना किया। शहर के विभिन्न चौराहों पर मौलाना जरताफ रजा, मौलाना बुरहानरजा आदि उलेमाओं ने अकीदतमंदों को खिताब करते हुजूर की जिंदगी पर रोशनी डाली व उनके बताए रास्ते पर चलने का आह्वान करते हुए दहशतगर्दों से अपने को दूर रखने की सलाह दी। करीब 10 किलोमीटर शहर के विभिन्न मार्गों पर निकाले गए इस जुलूस का जगह-जगह अकीदतमंदों ने फूल बरसा कर, चाय, खीर, मिठाई आदि बांट कर स्वागत किया। जुलूस सोमवार सुबह छह बजे आस्तान-ए-हशमतिया पर पहुंच समाप्त हुआ।

नहीं शरीक हो सके हसन मियां
मौलाना हसनमियां कदीरी भी अपने सैकड़ों समर्थकों के साथ अपनी पूर्ण घोषणा के साथ जुलूस में शामिल होने के लिए अल्लाहू मियां की मजार के पास एकत्र हुए। प्रशासन के ओर से उन्हें कड़ी सुरक्षा व्यवस्था के चलते आगे नहीं जाने दिया गया, जिससे वह जुलूस में शामिल नहीं हो सके। हसन मियां ने वहीं समर्थक अकीदतमंदों को खिताब किया।
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...लिया सूझबूझ से काम
जुलूस रवाना करने से पहले शहर मुफ्ती मौलाना मासूम रज़ा ने भी अकीदतमंदों से हर तरह के फसाद से बचने का आह्वान किया। उधर, जुलूस में रोके जाने के बाद मो. हसन मियां कदीरी ने भी अकीदतमंद समर्थकों से प्रशासन की बात मानने को कहा। अकदतमंदों ने भी दोनों की बातों पर अमल किया और सब कुछ शांति से निपट गया।
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