रेलवे मुख्यालय द्वारा दिए गए जांच के आदेश के बाद ब्राडगेज कार्यों की रफ्तार लगातार दूसरे दिन भी बढ़ी दिखाई दी। फुट ओवरब्रिज हटाने का काम भी शुरू कर दिया गया, वहीं सिग्नल पोल भी शाम होते ही चमकने लगे।
पीलीभीत-भोजीपुरा ट्रैक पर नौ माह पूर्व ब्राडगेज कार्य शुरू किए गए थे। अधिकांश कार्य पूरा होने के बाद सीआरएस को प्रस्ताव भेजा गया। रेल संरक्षा आयुक्त प्रभात कुमार वाजपेई ने 20 अक्तूबर को निरीक्षण के दौरान तमाम खामियां व अधूरे कार्य मिलने पर अफसरों की फटकार लगाई थी। एक अभियंता को निलंबित करने के साथ रेलवे मुख्यालय ने पूरे प्रकरण की जांच के आदेश दिए थे। इधर, गाज गिरने के भय से ब्राडगेज ट्रैक पर अधूरे कार्यों को पूरा करने की रफ्तार तेज कर दी गई। रविवार को रेल यात्रियों के आवागमन को बनाए गए फुट ओवरब्रिज को हटाने का कार्य भी शुरू कर दिया गया। इधर, मीटरगेज ट्रेनों का सफर करने वाले यात्रियों की सुविधा के लिए ओवरब्रिज की पूरब दिशा में रेल पटरियों के बीच से वैकल्पिक रास्ता बनाया जा रहा है। वहीं सबसे धीमी गति से चल रहे सिग्नल के कार्य भी काफी तेजी से शुरू किये गए हैं। दो दिन पहले जहां ब्राडगेज ट्रैक के आसपास सिग्नल का नामोनिशान नहीं था, शनिवार रात से ही ट्रैक के आसपास लगातार सिग्नल चमक रहे हैं।