प्राथमिक शिक्षक संघ के तत्वावधान में शिक्षकों ने ज्ञापन सौंपकर
ग्रीष्मावकाश के दौरान मिड डे मील बनवाए जाने पर रोष व्यक्त किया। योजना
कैसे संचालित होगी, इसको लेकर भी सवाल खड़े किए।
शिक्षक संघ के मंत्री
उमेश गंगवार के नेतृत्व में तमाम शिक्षक शुक्रवार सुबह बीएसए कार्यालय
पहुंचे। उन्होंने डीएम को संबोधित ज्ञापन बीएसए को सौंपकर छुट्टियों के
दौरान मिड डे मील बनवाए जाने पर रोष व्यक्त किया। ज्ञापन में कहा कि आदेश
में ग्रीष्मावकाश के दौरान जो 41 दिन की छुट्टियां समाप्त हो रही है,
उन्हें कैसे समायोजित किया जाएगा। प्रतिकर, उपार्जित अवकाश देय होगा या
नहीं, इस दौरान ग्रेच्युटी लाभ की व्यवस्था होगी या नहीं। कहा कि कंवर्जन
कास्ट मार्च तक ही प्राप्त हुआ है और रसोइयों को भी अप्रैल तक ही मानदेय
दिया जाता है। ऐसे में मध्याह्न भोजन व्यवस्था कैसे संचालित होगी आदि को
लेकर सवाल खड़ किए है। ज्ञापन सौंपने वालों में केके सागर, ब्लाक अध्यक्ष
मियां मोहम्मद मनाजिर, फुरकान हसन, अंकित भारती, अजय कुमार, रविंद्र शर्मा,
दीनदयाल, अभय मिश्रा, अल्पना गोयल, अनीता गोयल, जितेंद्र कुमार,
शमीउर्रहमान, मोहम्मद मियां वारसी आदि शिक्षक मौजूद रहे।
आमने सामने हुए शिक्षक नेता
गर्मी
की छुट्टियों के दौरान मिड डे मील वितरण के विरोध करने के तरीके को लेकर
शुक्रवार को शिक्षक नेता आमने सामने आ गए। कुछ शिक्षक नेताओं ने विरोध बतौर
ज्ञापन सौंपा। वहीं कुछ शिक्षक नेता शासनादेश की प्रतियां जलाने की बात
कहते हुए भिड़ गए। बाद में मामला शांत करा दिया गया।
बीएसए ने एमडीएम बनवाने के दिए आदेश
बीएसए
अंबरीष कुमार यादव ने सभी खंड शिक्षा अधिकारियों को शासन से मिली गाइड
लाइन के मुताबिक ग्रीष्मावकाश के दौरान 30 जून तक स्कूलों में मिड डे मील
वितरण कराने के आदेश दिए हैं। कहा कि मिड डे मील वितरण व्यवस्था की जांच
गठित टास्कफोर्स द्वारा की जाएगी। लापरवाही मिलने पर सख्त कार्रवाई की
जाएगी।