फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Pilibhit News: बिछड़े तो 12 घंटे बाद एक-दूसरे को खोज पाए

Fri, 31 Jan 2025 11:48 PM IST
बरेली ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, पीलीभीत
विज्ञापन
बादशाह वर्मा।
विज्ञापन
पूरनपुर। कुंभ मेले में मौनी अमावस्या पर हुए हादसे के बाद वहां से लौटने वाले भी डरे हुए हैं। श्रद्धालुओं की भारी भीड़ में राष्ट्रपति पुरस्कार प्राप्त सेवानिवृत शिक्षक और उनकी रिश्तेदार एक-दूसरे से बिछड़ गए। नदी की मुख्य धार में स्नान तो कर नहीं सके 12 घंटे तक परिजन और सेवानिवृत शिक्षक एक-दूसरे को ढूंढ़ते रहे।
विज्ञापन

मोहल्ला साहूकारा लाइनपार निवासी सेवानिवृत शिक्षक बादशाह वर्मा अपनी पत्नी मुन्नी देवी, पुत्र दिनेश वर्मा की सास पीलीभीत निवासी मचला देवी, साली पुष्पा के साथ 27 जनवरी को पूरनपुर से महाकुंभ स्पेशल ट्रेन से रवाना हुए थे। शुक्रवार दोपहर परिजन के साथ लौटे बादशाह वर्मा ने बताया कि 29 जनवरी को परिजनों के साथ नहाने के लिए घाट तक जाने की लाइन में लगे थे। भीड़ में उनका और पुत्र की साली पुष्पा का तो दम घुटने लगा। बेचैनी के चलते खड़े होना मुश्किल था।
इस दौरान एक महिला श्रद्धालु बेहोश होकर जमीन पर गिर गई। जमीन पर गिरी महिला को पुलिसकर्मी भीड़ से निकालकर बाहर ले जाने लगे। पुलिस कर्मियों के पीछे वे भी चल पड़े। इसके बाद वह परिजनों से बिछड़ गए। इसके बाद घंटों परिजन उनको और वे परिजन को ढूंढते रहे।
विज्ञापन

मोबाइल फोन से संपर्क तो आपस में हो रहा था मगर, नई जगह की वजह से परिजन किस स्थान पर है, यह नहीं समझ पा रहे थे। यहीं हाल परिजनों का भी था। 12 घंटे बाद बमुश्किल परिजन से बस स्टैंड पर मिले। इसके बाद नदी घाट पर भीड़ के चलते जाने की हिम्मत ही नहीं हुई।
बस स्टैंड के समीप नदी की बह रही क्षार में सभी ने स्नान किया और शुक्रवार दोपहर ढाई बजे घर लौट आए। उन्होंने बताया कि भीड़ में जो हालत हो रही थी वो मंजर वह कभी नहीं भूल पाएंगे।

पहली बार देखी इतनी भीड़
फोटो: 16
पूरनपुर। मोहल्ला साहूकारा (लाइनपार) निवासी आकाश वर्मा अपने बड़े भाई सोनू वर्मा के साथ शुक्रवार को कुंभ से घर लौटे। आकाश ने बताया कि स्नान करने के लिए नदी तट तक पहुंचने के लिए आठ किलोमीटर की दूरी पैदल तय करनी पड़ी। भीड़ इतनी थी कि चलना मुश्किल हो रहा था। आकाश ने बताया कि उन्होंने एक जगह पर जिंदगी में पहली बार इतनी भीड़ देखी। संवाद
-
भीड़ के चलते रद्द की यात्रा

फोटो: 15
पूरनपुर। मोहल्ला साहूकारा (लाइनपार) निवासी जगदीश वर्मा ने बताया कि शुक्रवार को मोहल्ले से 50 श्रद्धालुओं की बस महाकुंभ के लिए रवाना होनी थी। सभी तैयारियां पूरी कर ली गई थीं। भीड़ के चलते श्रद्धालुओं को कई किलोमीटर दूर ही रोकने व अन्य परेशानियों को देखते हुए उन्होंने यात्रा रद्द कर दी। संवाद

एकदम से मची अफरातफरी और गिर गए लोग
फोटो: 2
बीसलपुर। चीनी मिल कॉलोनी निवासी श्याम बहादुर शर्मा ने बताया कि उन्होंने महाकुंभ के हादसे को काफी करीब से देखा है। वह एक दिन पहले महाकुंभ पहुंच गए थे। हादसे के समय वह सौ मीटर की दूरी पर थे। बिल्कुल फिल्मी स्टाइल में अफरा-तफरी मची और लोग कुचल गए। कहा कि हादसे की याद आने पर सिहर जाते हैं। संवाद
हादसा देख रटने लगे भगवान का नाम
फोटो: 3
मोहल्ला दुबे निवासी मंजीत सिंह ने बताया कि वह महाकुंभ के हादसे में जैसे-तैसे बचे थे। मन में अनहोनी की आशंका बैठ गई। हादसे के समय वह कुछ दूरी पर थे। हादसा देखते ही उन्होंने भगवान का नाम लेना शुरू कर दिया। दूसरे रास्ते से दूसरे घाट पर पहुंचकर स्नान की और उल्टे पांव वापस लौट आए।
200 मीटर दूरी पर हुआ हादसा

फोटो: 4
मोहल्ला दुबे निवासी छात्र हर्षदीप राजपूत ने बताया कि महाकुंभ का नजारा उनकी आंखों के सामने से हट नहीं रहा है। हर्ष दीप ने बताया कि उसने महाकुंभ का नजारा करीब दो सौ मीटर की दूरी से देखा था। हर्ष दीप का कहना है कि वह मंजर ऐसा था कि फिल्म का कोई दृश्य हो।

महाकुंभ में साथियों से बिछड़े व्यापारी से हुआ परिजनों का संपर्क



पूरनपुर। कुंभ में पत्नी से बिछड़े व्यापारी से परिजनों का संपर्क हो गया है। इसके बाद परिजनों ने राहत की सांस ली।



गांव चंदिया हजारा से किराना व्यापारी रंजन सरकार अपने पत्नी अनीता और गांव के 12 लोगों के साथ कुंभ गए थे। कुंभ में रंजन सरकार पत्नी और अपने साथियों से बिछड़ गए। अनीता व अन्य लोग बृहस्पतिवार को घर आ गए। रंजन का सुराग न लगने से उसकी पत्नी अनीता और अन्य परिजन परेशान थे। चंदिया हजारा के प्रधान बासुदेव कुुंडू ने बताया कि रंजन के पास मोबाइल फोन नहीं है। रंजन ने शुक्रवार दोपहर किसी के मोबाइल फोन से अपने परिजनों को कॉल कर सकुशल होने की जानकारी दी। साथ ही बताया कि बस से घर के लिए रवाना हो गए हैं। संवाद

बादशाह वर्मा।

बादशाह वर्मा।

बादशाह वर्मा।

बादशाह वर्मा।

बादशाह वर्मा।

बादशाह वर्मा।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें