उच्च न्यायालय के अवकाश
प्राप्त न्यायाधीश न्यायमूर्ति मुशफ्फे अहमद ने कहा कि मानवाधिकार की चाहत
रखने से पहले ंहमे अपने कर्तव्य का भी बोध होना चाहिए। मानव अधिकार में वो
सभी अधिकार प्राप्त हैं, जो हमारी मूलभूत आवश्यकता हैं।
वह पुष्प
इंस्टीट्यूट में हॉबीज हैरिटेज इंडिया सोसायटी की ओर से मानवाधिकार विषय पर
आयोजित भाषण और प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता में भाग लेने पहुंचे विभिन्न
विद्यालयों के विद्यार्थियों को संबोधित कर रहे थे।
भाषण प्रतियोगिता
में पुष्प कालेज की आयुषी सेंगर और प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता में एचआरके लॉ
कालेज के नीरज अव्वल रहे। भाषण प्रतियोगिता में तीन महाविद्यालयों के
विद्यार्थियों ने मानवाधिकार और महिला सुरक्षा, मानवाधिकार और आरक्षण,
मानवाधिकार और पर्यावरण समेत कई विषयों पर विचार व्यक्त किए।
अधिकांश
छात्रों ने आरक्षण को लेकर अपने विचार रखे तथा उसे आर्थिक आधार पर किए जाने
की वकालत की।
प्रतियोगिता में साबिया, ओजस अग्रवाल, शिवम कश्यप,
सृष्टि गंगवार, काजल, सुनाली, अनूप कुमार, अभिषेक भास्कर, आयुषी सेंगर,
खुशा नाज, नीरज, इंशाक गोयल, बेनजीर खां, भगवान दास, मोहम्मद जुबैर, साक्षी
सक्सेना, असना स्वाति कुमारी, निशान अनवर, रिफा नूर ने अपने विचार रखे। इस
प्रतियोगिता में लॉ कालेज के नीरज को दूसरा तथा पुष्प कालेज की साक्षी को
तीसरा स्थान मिला। जेएमबी के गोयल को सांत्वना पुरस्कार पर संतोष करना
पड़ा।
प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता में निर्णायक मंडल ने मानवाधिकार और
उससे जुड़े प्रश्न पूछे। इस प्रतियोगिता में लॉ कालेज के नीरज अव्वल रहे।
जबकि पुष्प की आयुषी सेंगर ने द्वितीय व अनामिका ने तृतीय स्थान प्राप्त
किया। भगवानदास को सांत्वना पुरस्कार से नवाजा गया।
अंत में जिला शासकीय
अधिवक्ता अजय कुमार सक्सेना और क्षितिज सक्सेना ने मानवाधिकार के विषय के
बारे में विस्तार से जानकारी दी। निर्णायक मंडल के अजय शम्शा व सर्वेंद्र
सिंह ने भी प्रतियोगिता की सराहना की।
इस मौके पर सोसायटी अध्यक्ष
रमाकांत शमार ब़, पुष्प कालेज के एमडी एसपीएस संधू, कलीम अख्तर, उर्मिला
शर्मा समेत कई कालेजों के अध्यापक/अध्यापिकाएं मौजूद रहीं। संचालन अमिताभ
अग्निहोत्री व फरहीन जहां ने संयुक्त रूप से किया। कालेज एमडी एसपीएस संधू
ने सभी का आभार व्यक्त किया।