देश में जहां मैगी के नमूने फेल होने पर उस पर प्रतिबंध लगाया जा रहा है। वहीं जिले में आठ माह पूर्व लिया गया झूला वनस्पति घी का नमूना जांच में फेल हो गया। खाद्य विभाग ने डीलर का लाइसेंस निलंबित कर दिया है। साथ ही डीलर, बरेली की एजेंसी और कंपनी को नोटिस देकर बाजार में सैंपल के बैच का घी वापस लेने के निर्देश दिए हैं।
जिले में मिलावटी घी की बिक्री की शिकायत पर खाद्य सुरक्षा विभाग ने दीपावली के समय चले अभियान में मंडी समिति स्थित प्रमोद कुमार एंड संस के नाम प्रतिष्ठान से झूला वनस्पति घी का नमूना लिया था। इस नमूने को जांच के लिए लैब भेजा गया। जहां से आठ माह इसकी रिपोर्ट खाद्य विभाग को प्राप्त हुई थी। इस रिपोर्ट में नमूना फेल हो गया।
घी में मिलावट की पुष्टि होने पर विभाग ने कार्रवाई शुरू की और नोटिस के बाद प्रमोद कुमार एंड संस का लाइसेंस निलंबित कर दिया। मुख्य खाद्य सुरक्षा राजेश गुप्ता ने बताया कि जिस घी का नमूना लिया गया था उसका बैच नंबर आठ था और निर्मित वर्ष 2014 था।
नमूना फेल होने पर उन्होंने कंपनी, बरेली की समृद्धि इंटरप्राइजेज और जौनपुर के नाउपुर स्थित फैक्ट्री को नोटिस देकर नमूने के समय लिए बैच नंबर का घी बाजार से हटाने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने बताया कि जल्द बाजार में भ्रमण कर संबंधित बैच नंबर के घी की जांच की जाएगी और यदि कहीं इससे संबंधित वनस्पति घी मिलता है तो उसे जब्त किया जाएगा।