युवती की मां कहना था कि युवती की मानसिक हालत ठीक नहीं है। इलाज कराया जा रहा है। घटना की सूचना पर पहुंची डायल 112 और चौकी पुलिस ने युवती और उसकी मां से जानकारी ली। पुलिस के सामने भी युवती ने दुष्कर्म की बात दोहराई, लेकिन पुलिस ने उसकी बात को अनसुना कर दिया।
सिविल लाइन चौकी प्रभारी ने मामले को टरकाते हुए कहा कि युवती को पीआरवी के हवाले कर दो। काफी देर तक हंगामा चलता रहा। बाद में पुलिस ने युवती को मां के साथ भेज दिया और मामले को टरका दिया।
युवती बोली- एक बार बचा लिया, बार-बार तो नहीं बचाओगी
पुलिस ने युवती को उसकी मां के साथ ई-रिक्शा से भेज दिया। ई-रिक्शे पर बैठते समय युवती का कहना था कि एक बार बचा लिया। बार-बार तो नहीं बचा पाओगी। युवती की हालत ठीक नहीं थी, वह लगातार रोए जा रही थी। मां के साथ न जाने की जिद भी की, लेकिन पुलिस ने उसकी बातों को गंभीरता से नहीं लिया।