पीलीभीत। सामूहिक दुष्कर्म पीड़िता की मां ने कुछ लोगों पर मुकदमे में सुलह का दबाव बनाने के लिए विपक्षियों द्वारा हमला कर धमकाने और एक मौलाना के जरिये सामाजिक बहिष्कार कराने का आरोप लगाया है। एसपी से शिकायत कर मामले में सख्त कार्रवाई की मांग की है। एसपी ने बरखेड़ा एसओ को पूरे मामले की जांच कर कार्रवाई करने के निर्देश दिए।
बरखेड़ा क्षेत्र की एक महिला ने एसपी को दिए शिकायती पत्र में बताया कि उसकी नाबालिग बेटी से दो साल पहले कुछ लोगों ने सामूहिक दुष्कर्म किया था। इसका मुकदमा न्यायालय में विचाराधीन है। दो माह पूर्व उसके पति की मौत हो गई। उसकी बेटी वर्तमान में नर्सिंग कोर्स कर रही है। एफआईआर दर्ज कराने के बाद से उसे उस मौलाना की ओर से लगातार धमकियां मिल रही हैं, जिसने उसका फर्जी निकाहनामा तैयार किया था। उस पर समझौता करने का दबाव बनाया जा रहा है। ऐसा न करने पर उसका जीना मुश्किल कर दिया गया है। उसने आरोप लगाया कि 19 फरवरी को इसी रंजिश के चलते उस पर हमला किया गया। हमलावरों ने उसकी और उसकी बेटी की पिटाई की। इससे उसे काफी चोटें आईं। बरखेड़ा थाने में इसकी एनसीआर भी दर्ज कराई गई थी।
महिला का आरोप है कि आरोपी पक्ष उस पर सुलह करने का दबाव बनाने के लिए उसे लगातार धमका रहा है। मौलाना के कहने पर उसका सामाजिक तौर पर बहिष्कार कर दिया गया है। उसकी मदद करने के लिए मोहल्ले में कोई तैयार नहीं होता। महिला ने एसपी से पूरे मामले की जांच कराकर न्याय की गुहार लगाई है।
उधर, दूसरे पक्ष का कहना है कि महिला को किसी तरह से प्रताड़ित नहीं किया जा रहा। उल्टा फंसाने के लिए महिला की ओर से झूठी शिकायतें की जा रही हैं। दूसरे पक्ष ने एक व्यक्ति के इशारे पर शिकायत करने का आरोप लगाया। यह भी कहा कि महिला का किसी तरह से कोई सामाजिक बहिष्कार नहीं किया गया।
महिला ने शिकायती पत्र दिया है। इसकी गंभीरता से जांच कर कार्रवाई कराई जाएगी। सामाजिक बहिष्कार की बात सामने आने पर गोपनीय स्तर पर टीम लगाकर सत्यता का पता लगवाया जा रहा है। - अभिषेक दीक्षित, एसपी