पीलीभीत। शहर में आयोजित श्रीगणेश चतुर्थी उत्सव में बृहस्पतिवार देर शाम टीनू महाकाली लोकनृत्य कलाकारों ने काली महिमा का मंचन किया। इसे देखने के लिए भारी भीड़ जमा रही।
चौक बाजार में देर शाम रजत मस्ताना के निर्देशन में काशीपुर, रुद्रपुर और पीलीभीत के कलाकारों ने सर्वप्रथम गणेश वंदना की। साईं की सुंदर झांकी के साथ नृत्य पेश किया गया। अगली प्रस्तुति में भगत ध्यानु के मां काली के आगे अपनी बलि देने का मंचन किया। मंचन में दिखाया गया कि महाकाली ने रौद्र रूप धारण कर दैत्यों का संहार करने के बाद आगे बढ़ने लगीं तो इससे सभी देवता व्याकुल होकर भगवान भोलेनाथ की शरण में पहुंचे। उनकी पुकार सुनकर भोलेनाथ गुस्सा शांत करने के लिए महाकाली के आगे लेट गए। भगवान भोलेनाथ से पैर छूते ही महाकाली के मुख से आह निकली और जीभ बाहर आ गई। कला के अंत में श्रीराम दरबार के साथ पंचमुखी हनुमान की झांकी सजाई गई। इस मौके पर हरिशंकर अग्रवाल, गोविंद सर्राफ, सुरेश लाला, अमित अग्रवाल, शैशव, निखिल अग्रवाल आदि रहे।