पीलीभीत। रक्षाबंधन पर्व पर जहां जनपद की 7202 बहनों से रोडवेज बसों से मुफ्त सफर किया, वहीं स्थानीय डिपो ने कोरोना काल के बीच 8.82 लाख रुपये कमाई की। कोरोना के संकटकाल में इतनी आमदनी पर परिवहन निगम ने संतोष जताया है।
प्रदेश की योगी सरकार ने रक्षाबंधन पर्व को लेकर बहनों को परिवहन निगम की बसों में मुफ्त सफर का तोहफा दिया था। ट्रेनों के बंद होने से सवारियों को उनके गतंव्य तक पहुंचाने का सारा दारोमदार परिवहन निगम पर ही था। कोरोना काल के चलते डिपो की 50 से अधिक बसें परिवहन विभाग को सरेंडर की गई थी। रक्षाबंधन पर मात्र 60 बसों को ही संचालित करने का निर्णय लिया गया। इधर, कोरोना संक्रमण के चलते परिवहन निगम के अधिकारी यात्रियों की अधिक न संख्या होने की बात कह रहे थेे, मगर सोमवार को बहनों की ऐसी भीड़ उमड़ी कि स्थानीय डिपो की परिवहन सेवा भी लड़खड़ा गई। हालांकि डिपो के अधिकारियों ने सूझबूझ से बरेली, शाहजहांपुर, पूरनपुर आदि मार्गों पर बसों के फेरे बढ़ाते हुए बहनों को उनके गंतव्य तक पहुंचाया। स्थानीय डिपो के मुताबिक, रविवार रात 12 से सोमवार रात 12 बजे के बीच जनपद की 7202 महिलाओं ने रोडवेज बसों से सफर किया। वहीं, डिपो ने 12 घंटे में 8.82 लाख रुपये की कमाई की। डिपो अधिकारियों के मुताबिक बहनों की मुफ्त यात्रा पर 4,61,164 रुपये खर्च आया है। यह धनराशि प्रदेश सरकार द्वारा परिवहन निगम को दे दी जाएगी।
शासन के निर्देश पर रक्षाबंधन के दिन महिलाओं से परिवहन निगम की बसों में किराया नहीं वसूला गया। डिपो की बसों के माध्यम से 7202 महिलाओं ने मुफ्त सफर किया। वही डिपो ने 8.82 लाख रुपये की इनकम भी की। - दीनानाथ गंगवार, स्टेशन इंचार्ज, परिवहन निगम